जैसलमेर केन्द्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्री अन्नपूर्णा देवी ने गुरूवार को बाल विवाह मुक्त भारत के अभियान के एक साल पूर्ण होने के अवसर पर नई दिल्ली में इस 100 दिवसीय गहन जागरूकता अभियान की सफलता सुनिश्चित करने के लिए सभी सरकारी विभाग  बाल अधिकारिता विभाग के साथ काम कर रहा है इसी के साथ समी राज्यों  केन्द्र शासित प्रदेशों में 27 नवम्बर, 2025 से 08 मार्च, 2026 तक 100 दिवसीय अभियान तीन चरणों में आयोजित किया जा रहा है।

सहायक निदेशक बाल अधिकारिता हिम्मत सिंह कविया ने बताया कि इस अभियान का मुख्य उद्देश्य जिले में बाल विवाह रोकने के लिए प्रयास करना है। राज्य सरकार  जिला प्रशासन के सहयोग से जिला प्रशासन बाल विवाह के रोकथाम की दिशा में बढ़-चढ़ कर प्रयास कर रहा है। हमारी सफलताएँ उनके साथ करीबी समन्वय से काम करने का नतीजा है। आज पूरा देश एकजुट है और देश का शीर्ष नेतृत्व बाल विवाह मुक्त भारत के लक्ष्य को हासिल करने के लिए प्रतिबद्व है।

इस अभियान के माध्यम से हम निश्चित रूप से 2030 से पहले ही देश को इस अपराध से मुक्त बना देंगे। दुनिया जिसे कभी असम्भव मानती थी वह आज भारत देश में सम्भव होता दिखायी दे रहा है और इस ऐतिहासिक पल का हिस्सा बनाना हमारे लिए गौरव का विषय है। इस अभियान का आखरी चरण 01 फरवरी, 2026 से 08 मार्च, 2026 को अन्तर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर समाप्त होगा। इसके प्रथम चरण में स्कूलों  कॉलेजों एवं अन्य शिक्षण संस्थानों में जागरूकता प्रसारण होगा। द्वितीय चरण में मन्दिरमस्जिदचर्चगुरुद्वारा जैसे धार्मिक स्थलों के समन्वय स्थापित कर सतर्कता कार्यक्रम का आयोजन किया जायेगा  तृतीय चरण में पंचायतों स्कूलोंकॉलेजोंव्यवसायिक केन्द्रों से समन्वय स्थापित कर विशेष अभियान चलाया जायेगा।

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