श्रीगंगानगर, जिला प्रशासन एवं उद्यान विभाग के संयुक्त तत्वाधान में सूरतगढ़ बायपास रोड, श्रीगंगानगर स्थित अवासा रिसोर्ट के सामने आयोजित तीन दिवसीय पंच गौरव किन्नू महाकुंभ का समापन समारोह रविवार को हर्षोल्लास के साथ संपन्न हुआ। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में सम्मानित कृषक, महिलाएं एवं युवा उपस्थित रहे।
समापन समारोह की शुरुआत मां सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन के साथ की गई। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि अतिरिक्त जिला कलेक्टर श्री सुभाष कुमार तथा पूर्व जिला परिषद सदस्य श्री बलदेव सिंह बराड़ रहे।
इस अवसर पर अतिरिक्त जिला कलक्टर श्री सुभाष कुमार ने अपने संबोधन में कृषकों से जल संरक्षण की दिशा में ड्रिप पद्धति एवं फवारा पद्धति अपनाने का आह्वान किया। उन्होंने जैविक खेती को बढ़ावा देने पर विशेष जोर देते हुए कहा कि इस प्रकार के आयोजन कृषकों को नवीन तकनीकों से जोड़ने के साथ-साथ स्थानीय संस्कृति, परंपराओं एवं प्रतिभाओं को प्रोत्साहित करने का कार्य करते हैं।
कार्यक्रम में उपनिदेशक श्रीमती प्रीति ने जानकारी देते हुए बताया कि महाकुंभ के दौरान आयोजित प्रतियोगिताओं में सर्वश्रेष्ठ किन्नू में श्री सुखविंदर सिंह व मनदीप कौर चक 41एफ, सब्जी फसल श्रेणी में पत्ता गोभी में श्री पृथ्वीराज चक 1डी, फूल गोभी में रामकुमार चक 2डी एवं गाजर में श्रीमती रजनी चक 1जीबी को प्रथम पुरस्कार से सम्मानित किया गया। इसके साथ ही विशेष श्रेणी में विभिन्न फसलों के उत्कृष्ट उत्पाद प्रस्तुत करने पर प्रगतिशील कृषकों श्री अमरचंद बोरड़, श्री शिवेंद्र झांझरिया एवं श्री कृष्ण साहू को सम्मान प्रतीक प्रदान कर सम्मानित किया गया। तकनीकी सत्र में डॉ. जगदीश अरोड़ा द्वारा किन्नू सहित सामान्य फसलों जैसे नरमा, गेहूं आदि के रोग व्याधि एवं कीट प्रबंधन के बारे में जानकारी दी गई।
समारोह के दौरान आयोजित कृषक प्रश्नोत्तरी में चयनित 10 कृषकों को भी पुरस्कृत किया गया। इसके अलावा अन्य जिलों से आए कृषकों एवं पशुपालकों ने कार्यक्रम के संबंध में अपने अनुभव एवं विचार साझा किए।
कार्यक्रम में सहायक निदेशक श्री प्रदीप शर्मा, श्रीमती कविता स्वामी, कृषि अधिकारी श्री राजेंद्र प्रसाद नैन, श्री अभिमन्यु गोदारा, श्री सुदेश कुमार, डॉ. सुचित्रा सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे। कार्यक्रम का मंच संचालन सहायक निदेशक श्री प्रदीप शर्मा द्वारा किया गया।