विधानसभाध्यक्ष वासुदेव देवनानी के प्रयासों से राजस्थान के बजट में अजमेर को मिली कई सौगातें

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Published on : 17 Feb, 26 16:02

गोपेन्द्र नाथ भट्ट 

विधानसभाध्यक्ष वासुदेव देवनानी के प्रयासों से राजस्थान के बजट में अजमेर को मिली कई सौगातें

विधानसभाध्यक्ष वासुदेव देवनानी जिस कुशलता के साथ विधानसभा में अपने दायित्वों का निर्वहन कर रहें है और नित नए नवाचारों से उन्होंने देश-दुनिया में अपनी एक अलग ही पहचान बनाई  है। वहीं वे अपने गृह नगर अजमेर के विकास में भी बहुत रुचि ले रहें है और उनके प्रयासों से राजस्थान के वर्ष 2026-27 के बजट में अजमेर को इस बार भी कई सौगातें मिली है।

इन सौगातों में ऐतिहासिक तारागढ़ दुर्ग को अजमेर नगर के गौरव केन्‍द्र के रूप में विकसित करने के साथ ही अजमेर में 
महर्षि दयानन्‍द पैनोरमा की स्‍थापना करने का प्रोजेक्ट भी शामिल  जायेगी । इसके अलावा अजमेर में 150 करोड़ रूपए की लागत से राजस्‍व भवन के नवीन भवन का निर्माण का प्रावधान भी शामिल है । साथ ही अजमेर शहर को सिग्‍नल फ्री बनाने के लिए भी बजट स्वीकृति दी गई है । इसके अलावा अजमेर के जेएलएन चिकित्‍सालय में मॉड्यूलर ऑपरेशन थिएटर्स की स्‍थापना के लिए धनराशि स्वीकृत की गई है । अजमेर में आमजन एवं पर्यटकों के लिए सुविधा सेण्‍टर विकसित करने की स्वीकृति दी गई है । इसके साथ ही अजमेर में पीपीपी मोड़ पर स्‍मार्ट पार्किंग का निर्माण करने के लिए बजट स्वीकृत की गई है । राज्य बजट में अजमेर में बेसिक लाइफ सपोर्ट ट्रेनिंग सेण्‍टर की स्‍थापना करने के लिए बजट मंजूर हुआ है। 200 करोड़ रूपए की लागत से अजमेर में ड्रेनेज सिस्‍टम का काम किए जाने के लिए राशि स्वीकृत की गई है । अजमेर के पुष्‍कर घाटी मार्ग को चौड़ा करने के लिए बजट में  करोड़ रूपए रू की राशि स्वीकृत की गई है । अजमेर में जिला मुख्‍यालय पर प्रदेश के पहले एआई प्रशिक्षण केन्‍द्र की स्‍थापना करने के लिए राशि दी जाएगी ।
माकड़वाली में पृथक से नवीन पुलिस चौकी स्‍थापना करने के लिए धनराशि मंजूर की गई है । बजट स्वीकृति से अजमेर में राज सखी सेण्‍टर की स्थापना भी होगी । साथ ही अजमेर में नॉइस मॉनिटरिंग स्‍टेशन की स्‍थापना भी की जा सकेगी। साथ ही बजट स्वीकृति से अजमेर के माकड़वाली और चाचियावास तालाबों का जीर्णोद्धार और ड्रेनेज सम्‍बन्‍धी कार्य किए जा सकेंगे। इसके अलावा मॉडल उद्यान का “ऑक्सीजोन”  के रूप में विकास होगा। अजमेर में फाईबर टू होम टेक्निशियन के ट्रेड्स प्रारंभ करने के लिए भी धनराशि स्वीकृत की गई है। इसके अलावा अजमेर की सुप्रसिद्ध आनासागर झील में मानसून के अधिशेष पानी एवं एसटीपी के परिष्‍कृत पानी को फूलसागर कायड़ में अपवर्तन करते हुए रूपनगढ़ तक बाढ़ प्रोटेक्‍शन और ड्रेनेज कार्यों के साथ ही फूलसागर कायड़ से लगभग 1200 हेक्‍टेयर में सिंचाई सुविधा एवं  औद्योगिक आवश्‍यकताओं की पूर्ति हेतु 100 करोड़ रूपए स्वीकृत किए गए हैं। अभी विधानसभा में  बजट पर चर्चा के उपरांत बजट पारित किया जाना है। संभव है इसमें अजमेर के लिए और भी घोषणायें हो सकती है। इस बीच प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी अट्ठाइस फरवरी को अजमेर आने वाले है । देश के प्रथम सेवक के आगमन से अजमेर-पुष्कर को और भी सौगातें मिल सकती है।

राजस्थान के मध्य भाग में अरावली पर्वतमाला की गोद में बसा अजमेर ऐतिहासिक, धार्मिक, सांस्कृतिक और शैक्षणिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण शहर है। यह न केवल प्रदेश का प्रमुख तीर्थ और पर्यटन स्थल है। अजमेर केवल एक ऐतिहासिक शहर नहीं, बल्कि आस्था, शिक्षा, संस्कृति और राष्ट्रीय एकता का संगम है। इसकी बहुआयामी पहचान इसे राजस्थान ही नहीं, बल्कि पूरे भारत में विशेष महत्व प्रदान करती है। राजस्थान के मध्य में स्थित होने के कारण अजमेर एक प्रमुख परिवहन केंद्र है। यह दिल्ली–अहमदाबाद रेल मार्ग पर स्थित है और सड़क मार्ग से भी राज्य के प्रमुख शहरों से जुड़ा हुआ है।पर्यटन, शिक्षा और व्यापार यहाँ की अर्थव्यवस्था के प्रमुख आधार हैं।यहाँ स्थित मेयो कॉलेज देश के प्रतिष्ठित आवासीय विद्यालयों में से एक है, जिसकी स्थापना 1875 में हुई थी। इसके अलावा, राजस्थान लोक सेवा आयोग (आरपीएससी ) का मुख्यालय भी अजमेर में है, जो राज्य की प्रशासनिक सेवाओं के लिए परीक्षाएँ आयोजित करता है। उल्लेखनीय है कि राज्य के रेवन्यू बोर्ड का मुख्यालय अजमेर में ही है। इससे शहर की प्रशासनिक और शैक्षणिक पहचान मजबूत होती है।

विधानसभाध्यक्ष और अजमेर उत्तर विधायक वासुदेव देवनानी ने अजमेर में औपनिवेशिक काल के गुलामी के प्रतीक माने जाने वाले अजमेर के कई स्थलों के नाम बदलकर उन्हें स्थानीय संस्कृति और इतिहास से जोड़ा है। प्रमुख परिवर्तनों में फॉय सागर का नाम 'वरुण सागर', किंग एडवर्ड मेमोरियल का 'महर्षि दयानंद विश्रांत गृह' और होटल खादिम का 'अजयमेरु' किया गया है।एलिवेटेड रोड का नाम भी बदल कर रामसेतु किया और हाल ही उन्होंने क्रिश्चियन गंज पुलिस थाना और चौकी का नाम परिवर्तित कर कृष्णगंज किया गया। देवनानी के अनुसार, ये कदम सनातन विरासत के सम्मान और शहर की मूल पहचान को पुन: प्रतिष्ठित करने के लिए उठाए गए हैं।विधानसभाध्यक्ष देवनानी अजमेर के विकास में गहरी रुचि ले रहे हैं  और प्राय: हर सप्तान्ह अजमेर पहुँच कर किसी न किसी विकास कार्य का उद्घाटन और शिलान्यास करते है। हाल ही उनके प्रयास से अजमेर में बालिका सैनिक स्कूल के विकास कार्यों के लिए राज्य सरकार ने बीस करोड़ रुपए स्वीकृत किए है। देवनानी जयपुर प्रवास में भी रात दिन अजमेर के विकास की चिंता करते है और राज्य के मुख्यमंत्री, उनके मंत्रिपरिषद के मंत्रियों और प्रदेश के मुख्य सचिव तथा अतिरिक्त सचिव एवं सचिवों से विस्तार से विचार विमर्श कर लंबित विकास कार्यों को पूरा कराने का प्रयास करते है। उम्र के इस पड़ाव में ही उनकी सक्रियता देखने लायक है।


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