छप्पन भोग बना आस्था और सामाजिक जिम्मेदारी का संगम, हरि गौशाला में भव्य आयोजन

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Published on : 11 Apr, 26 14:04

छप्पन भोग बना आस्था और सामाजिक जिम्मेदारी का संगम, हरि गौशाला में भव्य आयोजन


उदयपुर। गुरु कमल चंद्र रोशन गोसेवा ट्रस्ट के तत्वावधान में रघुनाथपुरा स्थित हरि गौशाला में 108 गौशालाओं में चल रही छप्पन भोग श्रृंखला के तहत दूसरा भव्य आयोजन संपन्न हुआ। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में गौभक्तों ने सहभागिता निभाते हुए श्रद्धा और सेवा भाव का अनूठा उदाहरण प्रस्तुत किया।
कार्यक्रम में मुख्य वक्ता सरला सिंघवी चेरिटेबल ट्रस्ट के मानद सचिव डॉ. श्याम एस. सिंघवी ने कहा कि छप्पन भोग केवल धार्मिक परंपरा नहीं, बल्कि सामाजिक जिम्मेदारी का प्रतीक है। उन्होंने गौ माता को भारतीय संस्कृति का अभिन्न अंग बताते हुए कहा कि गौ सेवा के प्रति समाज में बढ़ती जागरूकता सराहनीय है।
मुख्य अतिथि उदयपुर शहर विधायक ताराचंद जैन ने इस पहल को अनूठा बताते हुए कहा कि जहां सामान्यतः भगवान को छप्पन भोग अर्पित किए जाते हैं, वहीं गौ माता को छप्पन भोग अर्पित करना समाज में सेवा और समर्पण की भावना को दर्शाता है।
कार्यक्रम की अध्यक्षता छप्पन भोग के ब्रांड एंबेसडर डॉ. जिनेंद्र शास्त्री ने की। उन्होंने इसे श्रद्धा, सेवा और संवेदना का त्रिवेणी संगम बताते हुए कहा कि गौ सेवा भारतीय संस्कृति में अत्यंत पुण्य कार्य माना गया है।
ट्रस्ट के संस्थापक संजय जैन ने बताया कि इस पहल का उद्देश्य गौ माता के संरक्षण और गौ हत्या रोकने के प्रति समाज में जागरूकता फैलाना है। उन्होंने सुझाव दिया कि गौ माता को किसानों से जोड़ना, गोशालाओं को मंदिरों से संबद्ध करना और बचा हुआ भोजन व्यवस्थित रूप से गौ माता तक पहुंचाना जैसे सरल उपाय अपनाकर इस दिशा में बड़ा बदलाव लाया जा सकता है।
कार्यक्रम में सुबह 5 बजे से गौभक्तों ने अपने हाथों से छप्पन भोग तैयार किया, जिसे शाम 4 बजे गौ माता को अर्पित किया गया। अंत में ट्रस्ट अध्यक्ष मुकेश जैन ने सभी अतिथियों और सहयोगियों का आभार व्यक्त किया।


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