उदयपुर। मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा के समन्वय में संसदीय संकुल परियोजना की समीक्षा बैठक मुख्यमंत्री निवास पर रविवार को जयपुर में आयोजित की गई। इस बैठक में भाजपा के राष्ट्रीय संगठक वी सतीष, उदयपुर सांसद मन्नालाल रावत व राज्यसभा सांसद चुन्नीलाल गरासिया उपस्थित रहे।
बैठक में वी सतीश ने द्वारा संकुल की संकल्पना, आदिवासी क्षेत्र में रोजगार के लिए पलायन की गंभीर समस्या व नीति आयोग के इस पर विचार प्रस्तुत किए। उपस्थित सांसदों द्वारा अपने संकुल की प्रगति रिपोर्ट पेश की गई। प्रगति अनुसार जनजाति क्षेत्र में रोजगार के लिए पलायन की समस्या का स्थाई निराकरण करने की विस्तृत रचना बनाई गई जिसमें समाज, विभिन्न स्वयंसेवी संस्थाएं व राज्य व केंद्र सरकार के प्रमुख विभागों के सहयोग से भारतीय जनता पार्टी द्वारा देवास जिला उदयपुर, चावंड जिला सलूम्बर एवं सागवाड़ा विधानसभा क्षेत्र, जिला डूंगरपुर में तीन संसदीय संकुल चलाए जा रहे हैं। इन संकुलों के चयनित तीस गांवों में शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, उद्यान, चिकित्सा, कौशल विकास, जल संरक्षण जैसे कार्यों के बारे में विशेष चर्चा की गई। मुख्यमंत्री द्वारा कहा गया कि आदिवासी क्षेत्र में भारत सरकार के आकांक्षी जिलों व ब्लॉक की तर्ज पर आकांक्षी ग्राम जैसी अवधारणा लाकर स्थानीय स्तर पर आमजन को रोजगार उपलब्ध कराने के लिए बहुस्तरीय सघन कार्य किए जाएंगे।
बैठक में मुख्यमंत्री के अतिरिक्त मुख्य सचिव अखिल अरोड़ा, जनजातीय क्षेत्र विकास विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव कुंजीलाल मीणा, संयुक्त सचिव सीएमओ उत्तम कौशल, कपिल सहस्रबुद्धे पूणे, श्री प्रसाद, विकास सहयोगी ओमप्रकाश गुर्जर व सीबी मीणा उपस्थित रहे।