उदयपुर। संयुक्त निदेशक उद्यान, खण्ड-उदयपुर कार्यालय में उद्यानिकी में समन्वित फसलोत्तर प्रबंधन हेतु समीक्षा बैठक का आयोजन किया गया।
बैठक की अध्यक्षता करते हुए संयुक्त निदेशक उद्यान, केन्द्रीय प्रवर्तित योजना उद्यान आयुक्तालय, जयपुर प्रदीप कुमार अग्रवाल ने बताया कि फसल तुड़ाई उपरांत प्रबंधन में पैकेजिंग, ग्रेडिंग, परिवहन संसाधन और पकाई तथा भण्डारण शामिल है। यह सुविधाएॅ बागवानी उत्पादन की विपणनता को बढाने, उत्पाद के मूल्य संवर्धन, लाभप्रदता को बढाने और नुकसान कम करने के लिए बागवानी फसलों के शीत भंडारण, परिवहन, विपणन, पैकेजिंग और ग्रेडिंग तथा निर्यात के लिए बुनियादी ढाचे संबंधी सुविधाओं के नेटवर्क की स्थापना को प्रोत्साहित करने हेतु अनुदान देय है। इस हेतु पैक हाउस, समन्वित पैक हाउस की स्थापना, प्री-कुलिंग युनिट, रेफ्रीजरेटेड वेन, शीत भण्डारण इकाईयां, प्राथमिक/चल प्रसंस्करण इकाई, राईपनिंग चेम्बर, कम लागत के प्याज भण्डारण संरचना, कोल्ड स्टोरेज, कोल्ड रूम (स्टेजिंग) प्रसंस्करण इकाई, समन्वित कोल्ड चेन सप्लाई सिस्टम आदि परियोजनाओ हेतु उद्यमियो/कृषक/कृषक समूह, सहकारी समितियो, उत्पादक संघ, कम्पनीज, स्वयं सहायता समूह, महिला कृषक समूह (न्यूनतम 25 सदस्य व पंजीकृत) आदिको क्रेडिंट लिंक बैक एंडेड सब्सिडी के रुप में (जमा से जुडी वापिसी आर्थिक सहायता) अनुदान देय है।
इसके अन्तर्गत पैक हाउस की लागत 4.00 लाख प्रति इकाई एवं अनुदान 50 प्रतिशत, समन्वित पैक हाउस की लागत 50.00 लाख अनुदान 35 प्रतिशत, प्री-कुलिंग इकाई लागत 25.00 लाख अनुदान 35 प्रतिशत, कोल्ड रुम इकाई लागत 15.00 लाख, अनुदान 35 प्रतिशत, रेफ्रीजरेटेड वेन इकाई लागत 26.00 लाख अनुदान 35 प्रतिशत, प्राथमिक/मोबाईल प्रसंस्करण इकाई लागत 25.00 लाख अनुदान 35 प्रतिशत, परिरक्षण इकाई लागत 2.00 लाख अनुदान 50 प्रतिशत, कम लागत प्याज भण्डारण इकाई लागत 1.75 लाख अनुदान 50 प्रतिशत तथा इन्टीग्रेटेड कोल्ड चेन सप्लाई सिस्टम इकाई लागत 600.00 लाख का 35 प्रतिशत अनुदान देय है।
इस योजना का लाभ उठाने हेतु लाभार्थियो को सम्बन्धित जिले के उप निदेशक उद्यान को अपना आवेदन पत्र मय परियोजना प्रस्ताव की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट, प्रस्तुत करना होगा। जिसका उद्यान आयुक्तालय, जयपुर द्वारा सूक्ष्म निरीक्षण कर अनुदान हेतु स्वीकृति जारी की जायेगी। श्री अग्रवाल द्वारा समीक्षा बैठक में उपस्थित संभाग के पांचो जिलो के उप निदेशक उद्यान को निर्देशित किया कि पुरे संभाग में इस योजना अन्तर्गत अधिकाधिक पत्रावलियां तैयार कर कृषको/उद्यमियो /कृषक समूहो/ स्वंय सहायता समूहो को लाभान्वित करने की कार्य योजना तैयार कर क्रियान्वित करावे।