रेलवन ऐप पर प्रतिदिन 9.29 लाख टिकटें बुक - अपग्रेडेड आरक्षण प्रणाली अगस्त से होगी लागू

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Published on : 07 May, 26 18:05

रेलवन ऐप पर प्रतिदिन 9.29 लाख टिकटें बुक - अपग्रेडेड आरक्षण प्रणाली अगस्त से होगी लागू

नई दिल्ली। भारतीय रेल की 40 वर्ष पुरानी यात्री आरक्षण प्रणाली को अब अत्याधुनिक तकनीक से अपग्रेड किया जा रहा है। रेल मंत्री श्री अश्विनी वैष्णव ने गुरुवार को नई दिल्ली स्थित रेल भवन में अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक में यह जानकारी दी। उन्होंने निर्देश दिए कि अगस्त माह से नई प्रणाली पर गाडियों की शिफ्टिंग के दौरान यात्रियों को किसी प्रकार की असुविधा न हो। इस बैठक में रेल राज्य मंत्री श्री वी. सोमन्ना एवं श्री रवनीत सिंह बिट्टू भी उपस्थित थे।
 वर्ष 1986 में प्रारंभ हुई यह आरक्षण प्रणाली पिछले चार दशकों से देश की रेल टिकटिंग की रीढ़ रही है। इस दौरान इसमें कई छोटे-छोटे बदलाव किए गए, परंतु अब इसमें आमूलचूल परिवर्तन किया गया है। वर्ष 2002 में इंटरनेट टिकटिंग के प्रारंभ के बाद से यह प्रणाली इतनी लोकप्रिय हो चुकी है कि देश में टिकटिंग की कुल मांग का लगभग 88 प्रतिशत भाग अब ऑनलाइन माध्यम से पूरा होता है।
 भारतीय रेल का मोबाइल ऐप ‘‘रेलवन’’ यात्रियों के बीच तेजी से लोकप्रिय हो रहा है। पिछले वर्ष जुलाई में लॉन्च हुए इस ऐप को अब तक देशभर में 3 करोड़ 50 लाख से अधिक बार डाउनलोड किया जा चुका है, जिनमें गूगल प्लेस्टोर से 3 करोड़ 16 लाख तथा ऐपल डिवाइसेज पर 33 लाख 17 हजार डाउनलोड शामिल हैं। प्रतिदिन इस ऐप के माध्यम से 9 लाख 29 हजार टिकटें बुक हो रही हैं, जिनमें 7 लाख 20 हजार अनारक्षित (प्लेटफॉर्म टिकट सहित) तथा 2 लाख 9 हजार आरक्षित टिकटें हैं।
रेलवन ऐप की एक महत्वपूर्ण विशेषता यह है कि यह एआई तकनीक के माध्यम से यात्रियों को उनकी प्रतीक्षा सूची (वेटिंग) टिकट के कन्फर्म होने की संभावना पहले से बताता है। इस वर्ष प्रारंभ से लागू इस सुविधा में अनुमान की सटीकता 53 प्रतिशत से बढ़कर 94 प्रतिशत तक पहुंच गई है। इसके अतिरिक्त इस ऐप पर आरक्षित, अनारक्षित एवं प्लेटफॉर्म टिकट बुकिंग, रद्दीकरण, रिफंड, ट्रेन की वर्तमान स्थिति, प्लेटफॉर्म की जानकारी, कोच की स्थितिए रेल मदद शिकायत सेवा तथा यात्रा के दौरान भोजन ऑर्डर करने की सुविधाएं उपलब्ध हैं।
 यात्रियों को यह भी जानकारी होनी चाहिए कि भारतीय रेल ने वर्ष 2024-25 में यात्री टिकटों पर 60,239 करोड़ रुपये की सब्सिडी प्रदान की, जो प्रत्येक यात्री को यात्रा लागत पर औसतन 43 प्रतिशत की छूट के समतुल्य है। अर्थात यदि किसी यात्रा की सेवा लागत 100 रुपये है तो यात्री को केवल 57 रुपये का टिकट देना पड़ता है।
 कोटा मंडल के यात्रियों से अनुरोध है कि वे रेलवन ऐप का उपयोग कर सुविधाजनक एवं सहज रेल यात्रा का अनुभव लें। ट्रेनों की अद्यतन जानकारी के लिए www.enquiry.indianrail.gov.in अथवा एनटीईएस ऐप का उपयोग करें।


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