उदयपुर। गुरु कमल चंद्रोसन गो सेवा ट्रस्ट की ओर से संचालित 108 गौशालाओं में आयोजित किए जा रहे “छप्पन भोग सेवा प्रकल्प” के अंतर्गत आज गोवर्धन गौशाला, कुंतवास (भींडर) में “नोवा 56 भोग” कार्यक्रम श्रद्धा, उत्साह और भक्तिमय वातावरण के बीच सम्पन्न हुआ। कार्यक्रम में गांव के गौभक्तों ने पूरे जोश और आस्था के साथ भाग लेते हुए गौमाता की पूजा-अर्चना की तथा जयकारों के साथ छप्पन भोग अर्पित किया।
ट्रस्ट के संस्थापक संजय जैन ने बताया कि कार्यक्रम में सभी गौभक्तों ने श्रमदान करते हुए एक-एक गौमाता को छप्पन भोग का प्रसाद ग्रहण कराया। इस दौरान 108 गौशालाओं में चल रहे इस सेवा प्रकल्प के ब्रांड एंबेसडर जिनेंद्र शास्त्री ने वीडियो कॉल के माध्यम से जुड़कर गौमाता के दर्शन किए तथा आयोजन के लिए अपनी शुभकामनाएं प्रेषित कीं।
कार्यक्रम की अध्यक्षता स्थानीय गौशाला समिति अध्यक्ष एवं व्यवस्थापक लाल सिंह शक्तावत ने की, जबकि मुख्य अतिथि के रूप में अरुण कोठारी उपस्थित रहे। विशिष्ट अतिथियों में लोगर लाल मेघवाल, मनोहर लाल सोनी, मदन श्रीमाली, राकेश सोनी, हरि सिंह, पारस कोठारी, रमेश प्रजापत, अशोक श्रीमाली, सुरेन्द्र सिंह, लालूराम मीणा, सीताराम तेली, भगवती लाल डांगी, नारू मेघवाल, पूरण कोठारी सहित बड़ी संख्या में ग्रामीणजन, माताएं एवं बहनें मौजूद रहीं।
छप्पन भोग सेवा प्रकल्प की कार्यकर्ता टीम राजू, दिलीप, तरुण, अमित और दक्ष जैन सहित अन्य कार्यकर्ताओं ने गौसेवा के प्रति समर्पण भाव दिखाते हुए आयोजन को सफल बनाया।
कार्यक्रम में वक्ताओं ने बताया कि गोवर्धन गौशाला, कुंतवास एक छोटे ग्रामीण क्षेत्र में स्थापित होकर मात्र दो वर्षों में जनसमर्थन से आदर्श गौशाला के रूप में उभरी है। गौभक्त लाल सिंह शक्तावत, अरुण जैन एवं अन्य सहयोगियों के योगदान से यह गौशाला निरंतर सेवा कार्यों में अग्रणी बनी हुई है। ग्रामीण क्षेत्र में आयोजित छप्पन भोग का अलग ही आध्यात्मिक और भावनात्मक महत्व होता है, जिसे उपस्थित गौभक्तों ने आत्मीयता से अनुभव किया।
अंत में सेवा प्रकल्प के व्यवस्थापक तरुण ने सभी अतिथियों, गौभक्तों एवं ग्रामवासियों का आभार व्यक्त किया।