उदयपुर । सनातन पाठशाला समिति, उदयपुर द्वारा संचालित बाल संस्कार शिविर के तीसरे दिन बुधवार को सत्र के अध्यक्ष पंडित धीरज वैदिक ने कहा कि ब्रह्म निर्भय है जो उस ब्रह्म को जान लेता है वह ब्रह्म के समान ही निर्भय हो जाता है। उन्होंने प्रशिक्षणार्थियों को बल, पराक्रम और साहस धारण कर आगे बढ़ने हेतु प्रेरक मार्गदर्शन दिया। आचार्य त्रिभुवन व्यास ने श्रीमद् भगवद गीता के एक श्लोक का अभ्यास करवाते हुए बिना फल की अपेक्षा के सतत निष्काम कर्म कर लक्ष्य प्राप्ति हेतु संदेश दिया।उन्होंने प्रेरक कहानी और देशभक्ति गीत का अभ्यास भी करवाया। मीडिया प्रभारी योगाचार्य जिग्नेश शर्मा ने मन की एकाग्रता और स्थिरता हेतु आसन, प्राणायाम और सूक्ष्म क्रियाएं करवाई। सनातन पाठशाला के संयोजक भूपेंद्र शर्मा ने दैनिक अग्निहोत्र के मंत्रों के उच्चारण और वैदिक ध्यान का अभ्यास करवाया । मांगी लाल सुथार ने राम चरित मानस की चौपाइयों और राम स्तुति का अभ्यास करवाया। विष्णु पालीवाल द्वारा जल संबंधित वार्ता प्रस्तुत की गई। जिला पुलिस अधीक्षक, उदयपुर के निर्देशन में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शहर उदयपुर के निर्देशानुसार कालिका पेट्रोलियम टीम द्वारा आत्म रक्षा का प्रशिक्षण देकर प्रशिक्षणार्थियों को चुनौतियों से सामना करने हेतु आत्म विश्वास जागृत किया गया। शिविर संयोजक नवनीत भट्ट ने शिविर सम्बन्धी आवश्यक निर्देश दिए। शिविर में अमृत रंजन पाण्डे, मधु कांत दवे और मधु नागदा द्वारा शिविर व्यवस्था में सहयोग किया गया। हास्य योग, सामूहिक शांति पाठ और प्रसाद वितरण के साथ कार्यक्रम संपन्न हुआ।शिविर में 35 प्रशिक्षणार्थी भाग ले रहे हैं जिन्हें संस्कारवान, ईश्वर भक्त और राष्ट्रभक्त बनाने के उद्देश्य से पाइन वर्ल्ड स्कूल, सेक्टर 5 में चल रहे इस सप्त दिवसीय शिविर का समय प्रतिदिन सायं 5 बजे से सायं 7 बजे तक है।