खेल खेल में सीख रहे सनातन संस्कार

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Published on : 22 May, 26 18:05

खेल खेल में सीख रहे सनातन संस्कार

उदयपुर। अहिंसा, प्रेम, सेवा, शांति और बंधुत्व का भाव रखना ही सनातन संस्कार है और यह शिक्षा खेल-खेल में दी जा रही है सनातन पाठशाला समिति, उदयपुर की ओर से चलाए जा रहे बाल संस्कार शिविर में। शिविर के पांचवें दिन शुक्रवार को प्रशिक्षणार्थियों को मैदानी खेल खिलाए गए जिनमें परस्पर सहयोग की भावना, नेतृत्व क्षमता का विकास, आपसी तालमेल का भाव विकसित किया गया। आत्मविश्वास और साहस जागृत करने के उद्देश्य से जिला पुलिस अधीक्षक, उदयपुर के निर्देशन में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शहर उदयपुर के निर्देशानुसार कालिका पेट्रोलियम टीम द्वारा आत्म रक्षा प्रशिक्षण दिया गया। शिक्षाविद शकुंतला माहेश्वरी द्वारा प्रेरक बाल कहानियां सुनाई गई। संवाद प्रभारी योगाचार्य जिग्नेश शर्मा ने स्मरण शक्ति बढ़ाने हेतु विशेष आसन, अनुलोम-विलोम, भ्रामरी प्राणायाम और ध्यान का अभ्यास करवाया। सनातन पाठशाला समिति, उदयपुर के संयोजक भूपेंद्र शर्मा ने बौद्धिक सत्र में वेद, दर्शन और उपनिषद से परिचित करवाया। उन्होंने ईश्वर का शुद्ध स्वरूप बताते हुए प्रतिदिन ईश्वर को धन्यवाद देने और ईश्वर के गुणों का चिंतन कर आत्मिक उन्नति करने का संकल्प दिलवाया।  कार्यक्रम अध्यक्ष धीरज वैदिक ने प्रशिक्षणार्थियों से जीवन का लक्ष्य चुनकर अखंड प्रचंड पुरुषार्थ कर सतत आगे बढ़ने का आह्वान किया। शिविर संयोजक नवनीत भट्ट ने शिविर सम्बन्धी आवश्यक निर्देश दिए। हास्य योग, जयघोष, सामूहिक शांति पाठ और प्रसाद वितरण के साथ कार्यक्रम संपन्न हुआ। नवीन पीढ़ी को संस्कारवान, ईश्वर भक्त और राष्ट्रभक्त बनाने के उद्देश्य से पाइन वर्ल्ड स्कूल, सेक्टर 5 में चल रहे इस सप्त दिवसीय शिविर शनिवार को प्रातः 10 बजे तारा संस्थान द्वारा संचालित श्रीमती कृष्णा शर्मा आनंद वृद्धाश्रम में बुजुर्गों से संवाद करने के उद्देश्य से हवन, ध्यान और भजन का विशेष कार्यक्रम भी आयोजित होगा। 
 


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