राष्ट्र एवं समाज के सर्वांगीण विकास में महिलाओं की अहम भूमिका - जैसलमेर विधायक
महिलाओं को अपने अधिकारों के साथ विकास की मुख्यधारा में सक्रिय भागीदारी निभानी चाहिए
जैसलमेर । प्रदेश के माननीय मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा के कुशल नेतृत्व में महिला सशक्तिकरण, सामाजिक जागरूकता एवं अधिकार संरक्षण की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के रूप में जिला प्रशासन एवं महिला अधिकारिता विभाग, जैसलमेर के संयुक्त तत्वावधान में बुधवार को नगर परिषद सभागार में जिला स्तरीय ‘नारी चौपाल एवं नारी शक्ति वंदन’ कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में जैसलमेर विधायक छोटूसिंह भाटी उपस्थित रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता जिला परिषद की मुख्य कार्यकारी अधिकारी रश्मि रानी ने की। इस अवसर पर समाजसेवी कंवराज सिंह चौहान, महिला अधिकारिता विभाग के उपनिदेशक अशोक गोयल, महिला एवं बाल विकास विभाग के उपनिदेशक सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का शुभारंभ महिलाओं की पारंपरिक गोद भराई रस्म एवं बालिकाओं के जन्मोत्सव पर केक कटिंग समारोह के साथ हुआ। अतिथियों ने नवजात बालिकाओं एवं मातृत्व का सम्मान करते हुए समाज में बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ के संदेश को और अधिक सशक्त बनाया।
इस अवसर पर जैसलमेर विधायक छोटूसिंह भाटी ने कहा कि राष्ट्र एवं समाज के सर्वांगीण विकास में नारी शक्ति की भूमिका सदैव महत्वपूर्ण रही है। उन्होंने कहा कि महिलाओं के बिना किसी भी समाज की प्रगति की कल्पना नहीं की जा सकती। उन्होंने सीमावर्ती जिले जैसलमेर की महिलाओं की उपलब्धियों का उल्लेख करते हुए कहा कि यहां की महिलाएं शिक्षा, प्रशासन, सामाजिक नेतृत्व एवं देश की सीमाओं की सुरक्षा जैसे क्षेत्रों में उत्कृष्ट योगदान देकर पूरे देश में जिले का नाम रोशन कर रही हैं।
उन्होंने कहा कि महिलाओं को राजनीतिक एवं सामाजिक रूप से सशक्त बनाने के लिए देश में 33 प्रतिशत आरक्षण की व्यवस्था की गई है, जिसका लाभ उठाकर महिलाओं को निर्णय प्रक्रिया में अपनी प्रभावी भागीदारी सुनिश्चित करनी चाहिए। उन्होंने बालिका शिक्षा को महिला सशक्तिकरण की आधारशिला बताते हुए महिलाओं से केंद्र एवं राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी प्राप्त कर उनका अधिकतम लाभ लेने का आह्वान किया।
मुख्य कार्यकारी अधिकारी रश्मि रानी ने कहा कि शिक्षा महिलाओं को आर्थिक आत्मनिर्भरता प्रदान करती है एवं रोजगार के अवसरों से जोड़कर सशक्त समाज के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। उन्होंने कहा कि समाज में व्याप्त असमानताओं को दूर करने के लिए सामूहिक प्रयास आवश्यक हैं तथा महिलाओं के अधिकारों, सुरक्षा एवं सम्मान के प्रति सभी को संवेदनशील रहना चाहिए।
बाल कल्याण समिति के सहायक निदेशक हिम्मत सिंह कविया ने बाल अधिकारों एवं बाल संरक्षण कानूनों की विस्तृत जानकारी देते हुए कहा कि अधिकारों के प्रति जागरूकता ही उनके प्रभावी उपयोग का आधार है। उन्होंने बाल संरक्षण से संबंधित विभिन्न प्रावधानों की जानकारी देते हुए निःशुल्क चाइल्ड हेल्पलाइन नंबर 1098 के बारे में विस्तार से बताया एवं जरूरतमंद बच्चों की सहायता के लिए इसका उपयोग करने का आह्वान किया।
पुलिस विभाग की ओर से जालम सिंह ने साइबर अपराधों एवं ऑनलाइन ठगी से बचाव के उपायों पर जानकारी प्रदान की। उन्होंने साइबर सुरक्षा के लिए आवश्यक सावधानियों, डिजिटल सुरक्षा उपायों एवं पुलिस विभाग द्वारा जारी दिशा-निर्देशों की जानकारी देते हुए उपस्थित महिलाओं से सतर्क एवं जागरूक रहने की अपील की।
महिला अधिकारिता विभाग के उपनिदेशक अशोक गोयल ने कहा कि महिलाओं के उत्थान और सामाजिक विकास के लिए प्रत्येक महिला की सक्रिय भागीदारी आवश्यक है। उन्होंने महिलाओं से शिक्षित, जागरूक एवं आत्मनिर्भर बनने का आह्वान करते हुए कहा कि सामाजिक एवं आर्थिक क्षेत्रों में महिलाओं की बढ़ती सहभागिता ही सशक्त समाज की आधारशिला है।
महिला अधिकारिता विभाग के सहायक निदेशक कुंप सिंह ने विभाग द्वारा संचालित पालनहार योजना सहित विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी प्रदान की। उन्होंने महिलाओं को अपने अधिकारों एवं कर्तव्यों के प्रति सजग रहने एवं साइबर अपराधों से बचाव के लिए पुलिस विभाग द्वारा जारी सुरक्षा दिशानिर्देशों की पालना करने पर विशेष बल दिया।
कार्यक्रम के दौरान महिलाओं को विभिन्न सरकारी योजनाओं, महिला सुरक्षा, बाल संरक्षण, शिक्षा, स्वास्थ्य, पोषण एवं सामाजिक कल्याण से जुड़े विषयों पर विस्तार से जानकारी प्रदान की गई। कार्यक्रम में आंगनवाड़ी कार्यकर्ता, सहायिकाएं, एएनएम, महिला पुलिसकर्मी, जनप्रतिनिधि, मीडिया प्रतिनिधि, सामाजिक संगठनों के सदस्य एवं बड़ी संख्या में महिलाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
कार्यक्रम के अंत में महिला अधिकारिता विभाग के उपनिदेशक गोयल ने सभी अतिथियों, अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों एवं उपस्थित महिलाओं का आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम का प्रभावी संचालन गरिमा भाटिया ने किया।