उदयपुर। शिव शंकर गौशाला समिति, कलडवास और सनातन पाठशाला समिति, उदयपुर के संयुक्त तत्वावधान में गुरुवार को सनातन पाठशाला में अमर क्रांतिकारी पं राम प्रसाद बिस्मिल की जन्म जयंती पर विशेष यज्ञानुष्ठान में उनके प्रति कृतज्ञता की गई। पाठशाला संयोजक वैदिक पुरोहित भूपेन्द्र शर्मा ने कहा कि महान क्रांतिकारी बिस्मिल ने न केवल अपने क्रांतिकारी विचारों को अपनी पैनी लेखनी से जन जागरण का कार्य किया बल्कि अपने अदम्य साहस, कुशल रणनीति और बुलंद इरादों से अंग्रेजों की नींद उड़ा दी। बिस्मिल की अमर रचना 'सरफरोशी की तमन्ना अब हमारे दिल में है' का सामूहिक गान सभी गौभक्तों द्वारा किया गया। गौशाला सचिव शालिनी राजावत ने बताया कि इस विशेष सत्र में प्राणायाम और ध्यान योगाचार्य जिग्नेश शर्मा द्वारा लिया गया । सभी को गौ सेवा और गौ संरक्षण का संकल्प दिलवाया गया। कार्यक्रम अध्यक्ष समाजसेवी नरेश पूर्बिया ने कहा कि गोधन से ही धर्म, अर्थ, काम और मोक्ष की प्राप्ति होती है। जय घोष, शान्ति पाठ और प्रसाद वितरण के साथ कार्यक्रम संपन्न होगा।