मंगला पशु बीमा योजना बनी पशुपालकों का संबल, पशुधन को मिला सुरक्षा कवच

( 302 बार पढ़ी गयी)
Published on : 12 Jun, 26 17:06

मंगला पशु बीमा योजना बनी पशुपालकों का संबल, पशुधन को मिला सुरक्षा कवच

        जैसलमेर । ग्रामीण सेवा शिविर-2026 के तहत ग्राम पंचायत मोहनगढ़ में आयोजित शिविर पशुपालकों के लिए राहत और विश्वास का केंद्र बनकर उभरा। शिविर में विभिन्न विभागों के अधिकारियों एवं कार्मिकों ने ग्रामीणों को सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाया। विशेष रूप से पशुपालन विभाग द्वारा संचालित मंगला पशु बीमा योजना ने पशुपालकों के चेहरों पर नई उम्मीद और सुरक्षा का विश्वास जगाया।

         सहायक शिविर प्रभारी तहसीलदार ललित चारण एवं विकास अधिकारी नाथूसिंह के निर्देशन में आयोजित शिविर में पशुपालन विभाग की टीम ने 12 पात्र पशुपालकों को बीमा पॉलिसियां वितरित कीं। इस दौरान पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. राघव डोई, एलएसआई भंवरलाल गोदारा, सोनू रेगर, ग्राम विकास अधिकारी बुधराज सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

        ग्राम पंचायत मोहनगढ़ की पशुपालक सुनीता पत्नी उदयपाल ने बताया कि पशुपालन विभाग द्वारा उन्हें योजना की जानकारी दी गई थी, जिसके बाद उन्होंने अपने पशुओं का बीमा करवाया। शिविर में उन्हें 10 बकरियों के लिए प्रति बकरी 4 हजार रुपये तथा 2 गायों के लिए प्रति पशु 33 हजार रुपये के बीमा सुरक्षा कवच की पॉलिसी प्राप्त हुई।

          पॉलिसी प्राप्त करने के बाद सुनीता ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि पशुधन ही उनके परिवार की आजीविका का प्रमुख आधार है। किसी दुर्घटना या आकस्मिक नुकसान की स्थिति में आर्थिक सहायता मिलने का भरोसा अब उनके परिवार को सुरक्षित महसूस करा रहा है। उन्होंने राज्य सरकार और पशुपालन विभाग का आभार जताते हुए कहा कि निःशुल्क पशु बीमा योजना ग्रामीण पशुपालकों के लिए किसी वरदान से कम नहीं है।

         ग्रामीण सेवा शिविर के माध्यम से मिली इस सुविधा ने न केवल पशुपालकों को आर्थिक सुरक्षा प्रदान की है, बल्कि उन्हें पशुपालन व्यवसाय को और अधिक आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ाने की प्रेरणा भी दी है। मंगला पशु बीमा योजना आज ग्रामीण अंचलों में पशुधन संरक्षण और पशुपालकों की आर्थिक मजबूती का सशक्त माध्यम बनकर उभर रही है।


साभार :


© CopyRight Pressnote.in | A Avid Web Solutions Venture.