जैसलमेर । राज्य सरकार की ओर से संचालित मंगला पशु बीमा योजना के तहत ग्रामीणजन पशुपालकों के निःशुल्क बीमा होने के कारण लिए यह लाभदायी योजना उनके आर्थिक सुरक्षा का मजबूत आधार बन रही है। पोकरण उपखंड के ग्राम पंचायत केलावा में आयोजित ग्रामीण सेवा शिविर के दौरान एक जरूरतमंद पशुपालक परिवारों को योजना का लाभ प्रदान कर भविष्य की चिंताओं से राहत दिलाई गई।
ग्राम पंचायत केलावा पशुपालक श्रीमती गीतादेवी, श्रीमती बाबू कंवर, श्रीमती प्रेम कंवर, तथा श्रीमती रमकू का परिवार थार के इस रेगिस्तानी क्षेत्र में मुख्य रूप से पशुपालन पर निर्भर है। सीमित आय और आर्थिक रूप से कमजोर स्थिति के कारण पशुधन ही उनकी आजीविका का मुख्य साधन एवं सहारा है। ऐसे में किसी दुर्घटना, बीमारी अथवा आकस्मिक घटना से पशुधन की हानि होने पर परिवार के सामने गंभीर आर्थिक संकट खड़ा हो सकता था। ग्रामीण सेवा शिविर में अधिकारियों ने मंगला पशु बीमा योजना की जानकारी देकर उन्हें योजना से जोड़ने की पहल की। आवश्यक प्रक्रिया पूरी होने के बाद उनकी 18 बकरियां, तथा एक गाय की आकस्मिक मृत्यु होने पर सहायता राशि क्लेम भुगतान स्वीकृति एवं बीमा पॉलिसी प्रदान की गई। जिसमें लाभार्थी पशुपालक श्रीमती गीतादेवी को 8 बकरियों के लिए 32,000 रुपये, श्रीमती बाबू कंवर को 8 बकरियों के लिए 40,000 रुपये, श्रीमती प्रेमकंवर को 02 बकरियों की आकस्मिक मुत्यु के लिए 8000 रुपये एवं श्रीमती रमकू को एक गाय की आकस्मिक मृत्यु के लिए 21000 रुपए बीमा पॉलिसी तथा आकस्मिक मृत्यु सहायता राशि का वितरण किया गया।
इस योजना का लाभ मिलने से इन सभी पशुपालकों को अपने पशुधन की सुरक्षा का भरोसा मिला है। अब किसी भी अप्रत्याशित परिस्थिति में उन्हें आर्थिक संबल प्राप्त हो सकेगा, जिससे परिवार की आजीविका सुरक्षित रहेगी। लाभार्थियों ने इस पहल को लाभकारी बताते हुए मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा, राजस्थान सरकार, जिला प्रशासन और उपखण्ड प्रशासन के प्रति मुक्त कंठों से आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह योजना ग्रामीण पशुपालकों के लिए अत्यंत उपयोगी और राहत प्रदान करने वाली है।