उदयपुर। मोहनलाल सुखाडिया विश्वविद्यालय के पत्रकारिता एवं जनसंचार विभाग की ओर से “गूगल या गुरु” विषय पर छात्र संवाद कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता विभाग के अध्यक्ष डॉ. कुंजन आचार्य ने की। बीए प्रथम वर्ष के छात्र नरेन्द्र सिंह भागरोत के संयोजकत्व में आयोजित इस संवाद कार्यक्रम में छात्रों ने वर्तमान युग में डिजिटल सूचना स्रोत और पारंपरिक गुरु-शिष्य परंपरा के बीच के संबंधों पर खुलकर विचार व्यक्त किए।
इस अवसर पर स्वीटी कुंवर झाला, पार्थ दक, महेश पुरी गोस्वामी, महेंद्र सिंह देवड़ा, ऐश्नेयी, युगल किशोर यादव, सेजल जैन, कौमुदी मोहाले और जिज्ञासा भारद्वाज ने विषय पर अपने विचार रखे। छात्रों ने गूगल जैसी डिजिटल प्लेटफॉर्म की सुलभता, त्वरित जानकारी और व्यापक पहुंच की सराहना करते हुए यह भी कहा कि ज्ञान की गहराई, नैतिक मूल्यों और जीवन अनुभव के लिए गुरु की भूमिका आज भी अपरिहार्य है।
मुख्य अतिथि डॉ. भारत भूषण ओझा तथा डॉ. कल्पना आचार्य ने छात्रों की जिज्ञासाओं का समाधान किया। उन्होंने कहा कि गूगल सूचना का भंडार है, लेकिन सही दिशा, विवेक और मूल्यों का मार्गदर्शन गुरु ही प्रदान करते हैं। दोनों स्रोतों का संतुलित उपयोग ही आज के विद्यार्थी के लिए लाभकारी है।
कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने सक्रिय रूप से भाग लिया और विषय पर गहन चर्चा हुई। विभाग के अध्यक्ष डॉ. कुंजन आचार्य ने छात्रों के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे संवाद कार्यक्रम विद्यार्थियों में आलोचनात्मक सोच और अभिव्यक्ति क्षमता विकसित करने में सहायक हैं।