उदयपुर। राज्यपाल श्री बागड़े ने शनिवार को उदयपुर में जिला स्तरीय अधिकारियों की बैठक लेकर जिले में टीबी नियंत्रण, नशामुक्ति एवं स्कूली शिक्षा सहित विभिन्न विषयों की विस्तृत समीक्षा की।
उन्होंने अधिकारियों को योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के साथ ही आमजन में जागरूकता बढ़ाने के निर्देश दिए।खनन एवं सीमेंट उद्योग से जुड़े लोगों का हो सर्वेराज्यपाल ने टीबी नियंत्रण को लेकर विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि खनन क्षेत्र तथा सीमेंट फैक्ट्रियों में कार्यरत एवं इनसे जुड़े लोगों का सर्वे करवाकर टीबी नियंत्रण के प्रभावी उपाय किए जाएं।
उन्होंने शहर की कच्ची बस्तियों में भी विशेष रूप से सर्वे करवाने तथा संभावित मरीजों की पहचान कर समय पर उपचार उपलब्ध करवाने पर जोर दिया।ग्राम पंचायत स्तर पर हों नशामुक्ति जागरूकता कार्यक्रमराज्यपाल ने नशामुक्ति अभियान को जन आंदोलन का रूप देने की आवश्यकता जताई।
उन्होंने ग्राम पंचायत स्तर पर कार्यक्रम आयोजित कर लोगों को नशे के दुष्परिणामों के प्रति जागरूक करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि जो लोग नशा छोड़ चुके हैं, उनका सम्मान किया जाए और उनसे लगातार संपर्क रखा जाए, ताकि वे दोबारा नशे की ओर नहीं लौटें।उन्होंने कहा कि “नशा आग है, जिसकी आंच अपने घर तक भी पहुंच सकती है।” इसी बात को ध्यान में रखते हुए व्यापक स्तर पर जागरूकता के कार्य किए जाएं तथा युवाओं और उनके परिवारों को नशे से होने वाले सामाजिक एवं पारिवारिक नुकसान के बारे में समझाया जाए।राज्यपाल ने राजकीय कार्यालयों में भी नशामुक्त वातावरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि कोई भी अधिकारी या कर्मचारी नशा नहीं करे और सरकारी कार्यालय स्वयं नशामुक्ति का संदेश देने वाले आदर्श केंद्र बनें।प्राथमिक शिक्षा को मजबूत करने पर जोरबैठक में राज्यपाल ने जिले में स्कूली शिक्षा की स्थिति की विस्तृत जानकारी प्राप्त की।
उन्होंने विद्यार्थियों की बौद्धिक क्षमता बढ़ाने तथा शिक्षा की गुणवत्ता में निरंतर सुधार पर विशेष जोर दिया।उन्होंने कहा कि प्राथमिक शिक्षा की नींव मजबूत होगी तो बड़ी कक्षाओं और कॉलेज स्तर पर अच्छी गुणवत्ता वाले विद्यार्थी तैयार होंगे।
उन्होंने प्राथमिक स्तर पर बच्चों की बुनियादी समझ, सीखने की क्षमता और शैक्षणिक गुणवत्ता को मजबूत करने के लिए प्रभावी प्रयास करने के निर्देश दिए।राज्यपाल ने विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता हासिल करने वाले विद्यार्थियों का रिकॉर्ड संधारित करने तथा उनकी सफलता की जानकारी अन्य विद्यार्थियों तक पहुंचाकर उन्हें प्रेरित करने के निर्देश भी दिए।
उन्होंने कहा कि ऐसे विद्यार्थियों की सफलता की कहानियां दूसरे बच्चों के लिए प्रेरणा का माध्यम बन सकती हैं।अधिकारियों ने दी विभागीय प्रगति की जानकारीबैठक में जिला कलेक्टर गौरव अग्रवाल, पुलिस अधीक्षक अमृता दुहन, एडीएम दीपेंद्र सिंह, एडीएम सिटी जितेंद्र रोज, नगर निगम आयुक्त अभिषेक खन्ना, महाराणा भूपाल चिकित्सालय के अधीक्षक डॉ. एल. सुमन, सीएमएचओ डॉ अशोक आदित्य सहित विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।
अधिकारियों ने अपने-अपने विभाग से संबंधित योजनाओं एवं प्रगति की जानकारी राज्यपाल के समक्ष प्रस्तुत की।