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भगत की कोठी (जोधपुर) में टेक्नोलॉजी पार्टनर स्कीम के तहत स्लीपर वंदे भारत व अन्य ट्रेनों के अनुरक्षण की सुविधा का विकास

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18 Apr 26
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भगत की कोठी (जोधपुर) में टेक्नोलॉजी पार्टनर स्कीम के तहत स्लीपर वंदे भारत व अन्य ट्रेनों के अनुरक्षण की सुविधा का विकास

जयपुर। वंदे भारत स्लीपर ट्रेनों के लिए भारतीय रेलवे द्वारा पहला विशेष रखरखाव डिपो जोधपुर स्थित भगत की कोठी रेलवे स्टेशन पर बनाया जा रहा है। भगत की कोठी में निर्माणाधीन इस डिपो में प्रौद्योगिकी भागीदार योजना (टेक्नोलॉजी पार्टनर स्कीम) के तहत स्लीपर वंदे भारत एक्सप्रेस एवं अन्य ट्रेनों के अनुरक्षण की सुविधा प्रारंभ की जाएंगी।
 उत्तर पश्चिम रेलवे के मुख्य जनसम्पर्क अधिकारी श्री अमित सुदर्शन ने बताया कि टेक्नोलॉजी पार्टनर स्कीम में भारतीय रेलवे (उत्तर पश्चिम रेलवे), रेल विकास निगम लिमिटेड (आरवीएनएल) तथा काईनेट रेलवे सॉल्यूशंस (रूस) के बीच रणनीतिक सहयोग से वंदे भारत स्लीपर ट्रेनों के रखरखाव के लिए एक विशेष आधुनिक सुविधा का डिजाइन, निर्माण और प्रबंधन किया जा रहा है। भगत की कोठी में वंदे भारत स्लीपर कोचो एवं अन्य ट्रेनों के रखरखाव के लिए लगभग 360 करोड रुपए की लागत से दो फेज में निर्माण कार्य किया जा रहा है। इस डिपो में 24 कोच वाली ट्रेनों के रखरखाव के लिए 600 मीटर ट्रैक सहित अत्याधुनिक सुविधाएं उपलब्ध होगी। फेज-1 मे लगभग 167 करोड रुपए की लागत से 3 पिट लाइन वाली कवर्ड इंस्पेक्शन बे, ऑफिस, ट्रेनिंग सेंटर और स्टोर के लिए 1200 वर्ग मीटर कवर्ड एरिया का प्रावधान किया गया है। इसके साथ ही ड्रॉप पिट टेबल और पिट लाइन का भी निर्माण किया जा रहा है। वंदे भारत ट्रेनों के 24 स्लीपर कोचो के रखरखाव के लिए 600 मीटर ट्रैक सुविधा सहित रखरखाव और कार्यशाला डिपो का पहला चरण जून 2026 तक तैयार होने की संभावना है।
 फेज-2 मे लगभग 195 करोड रुपए की लागत से है। 200 मीटर वृहद कवरिंग शेड का विकास किया जाएगा, इसमें ओएचई सुविधा युक्त पिट लाइन का प्रावधान होगा। दो लाइन वाली वर्कशॉप बे, पिट व्हील लेथ के लिए शेड के साथ पिट व्हील अनुरक्षण का भी विस्तार किया जाएगा। इसके साथ ही ट्रेनिंग स्कूल एवं अन्य कार्य  किए जाएंगे। दूसरे चरण मे
 55 करोड रुपए की लागत से कार्यशाला और सिम्युलेटर सुविधा लिए निविदा आमंत्रित कर दी गई है। इस सुविधा में एक समर्पित व्हील लेथ सिस्टम और एक विशेष परीक्षण प्रयोगशाला भी होगी जिसमें उच्च तकनीक वाले उपकरणों के प्रशिक्षण और मूल्यांकन के लिए नवीनतम सिम्युलेटर शामिल होंगे जो भारतीय रेलवे पर सटीकताए सुरक्षा और प्रवर्तन पर ध्यान केंद्रित करना दर्शाता है। 


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