GMCH STORIES

निरीक्षण में खामियां मिलने पर शिक्षा मंत्री सख्त, दिए जिम्मेदारों पर कार्रवाई के निर्देश

( Read 180 Times)

22 Apr 26
Share |
Print This Page

निरीक्षण में खामियां मिलने पर शिक्षा मंत्री सख्त, दिए जिम्मेदारों पर कार्रवाई के निर्देश

श्रीगंगानगर। शिक्षा एवं पंचायती राज मंत्री श्री मदन दिलावर ने श्रीगंगानगर दौरे के दौरान बुधवार को स्कूलों के निरीक्षण में पाई गई खामियों पर संबंधित अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि शिक्षा व्यवस्था में लापरवाही किसी भी सूरत में स्वीकार्य नहीं है। विभागीय अधिकारी एवं शिक्षक अपनी जिम्मेदारी पूरी गंभीरता से निभाएं।
जिले की श्रीविजयनगर पंचायत समिति में श्रीगंगानगर और हनुमानगढ़ जिलों के अधिकारियों की बैठक में मंत्री ने 27 मार्च से 15 अप्रैल 2026 तक संचालित प्रवेश उत्सव की समीक्षा करते हुए नामांकन की स्थिति पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने कहा कि केवल औपचारिक आयोजन से उद्देश्य पूरा नहीं होगा, बल्कि वास्तविक प्रयासों के माध्यम से अधिक से अधिक बच्चों को सरकारी स्कूलों से जोड़ना होगा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि नामांकन बढ़ाने के लिए ठोस रणनीति बनाकर प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए।
इस दौरान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड के परीक्षा परिणाम में सरकारी स्कूलों का प्रदर्शन निजी स्कूलों से बेहतर रहने पर मंत्री ने शिक्षकों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि यह उपलब्धि सराहनीय है, लेकिन इसे बनाए रखने के लिए निरंतर प्रयास आवश्यक हैं। मंत्री ने पीटीएम को प्रभावी बनाने पर विशेष जोर देते हुए कहा कि अभिभावकों के साथ नियमित संवाद स्थापित किया जाए।
उन्होंने निर्देश दिए कि शिक्षक स्कूल समय के बाद कुछ समय गांव में रुककर स्थानीय लोगों से जुड़ाव बढ़ाएं, जिससे ग्रामीणों का विश्वास सरकारी स्कूलों के प्रति मजबूत होगा और नामांकन में वृद्धि होगी। बीएलओ कार्य को लेकर भी मंत्री ने स्पष्ट निर्देश दिए कि शिक्षक स्कूल समय में पूर्णतः शैक्षणिक कार्यों पर ध्यान दें तथा बीएलओ का कार्य स्कूल समय के बाद ही करें। साथ ही, बीएलओ की ड्यूटी मुख्यालय पर पदस्थ शिक्षकों को ही देने के निर्देश दिए गए, ताकि ग्रामीण क्षेत्रों के स्कूलों की पढ़ाई प्रभावित न हो।
इसके अतिरिक्त मंत्री ने संयुक्त निदेशक बीकानेर को निर्देश दिए कि जिले में डेपुटेशन पर कार्यरत शिक्षा विभाग के कार्मिकों की सूची तत्काल उपलब्ध कराई जाए, ताकि आवश्यकतानुसार कार्मिकों का समुचित उपयोग सुनिश्चित किया जा सके। मंत्री ने कहा कि शिक्षा की गुणवत्ता सुधारना, छात्रों का नामांकन बढ़ाना और अभिभावकों का विश्वास जीतना सरकार की प्राथमिकता है, जिसके लिए सभी को मिलकर गंभीरता से कार्य करना होगा।
पीएमश्री राजकीय विद्यालय एवं महात्मा गांधी विद्यालयों की प्रगति की समीक्षा करते हुए शिक्षा मंत्री ने कहा कि श्रीगंगानगर जिला राजस्थान में स्कूलों मे प्रथम रहे, इसके लिए प्रभावी कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि जिले में प्रदेश के अन्य क्षेत्रों की तुलना में अपेक्षाकृत अच्छी बिल्डिंग, अच्छे संसाधन और पर्याप्त मात्रा में टीचर हैं। इसलिए विद्यालयों का परिणाम भी बेहतर रहना चाहिए। विद्यालयों में व्यसन मुक्ति के लिए विशेष प्रयास करने की आवश्यकता जताई गई।
इस अवसर पर पूर्व विधायक श्रीमती संतोष बावरी, श्री बलवीर लूथरा, संयुक्त निदेशक शिक्षा विभाग बीकानेर श्रीमती सुनीता चावला, मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी श्रीगंगानगर श्री अरविंदर सिंह, जिला शिक्षा अधिकारी हनुमानगढ़, एडीपीसी हनुमानगढ़ सहित दोनों जिलों के अधिकारी सहित अन्य मौजूद रहे।


Source :
This Article/News is also avaliable in following categories :
Your Comments ! Share Your Openion

You May Like