जैसलमेर। जिनकी नीति में विकास और नीयत में साफ.सुथरा सुशासन है, ऐसी सोच रखने वाले मुख्यमंत्री श्री भजन लाल शर्मा राजस्थान के सच्चे जननायक हैं। राज्य सरकार द्वारा विकास, पारदर्शिता और जनकल्याण को केंद्र में रखकर किए जा रहे कार्यों से राजस्थान निरंतर प्रगति के नए आयाम स्थापित कर रहा है। मुख्यमंत्री श्री शर्मा के नेतृत्व में प्रदेश में सुशासन, स्वच्छ प्रशासन और विकास की नई कार्यशैली देखने को मिल रही हैए जिससे आमजन में विश्वास और उत्साह का वातावरण बना है।
यह संदेश स्वच्छ भारत मिशन शहर के प्रदेश स्वच्छता ब्रांड एंबेसडर श्री के के गुप्ता ने गुरुवार को जैसलमेर जिला कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित बैठक में दिया। जिला जैसलमेर में स्वच्छ भारत मिशन के तहत जिले की दोनों नगर निकाय की बैठक आयोजित की गई, जिसमें स्वच्छता ब्रांड एंबेसडर श्री गुप्ता द्वारा आवश्यक दिशा निर्देश देते हुए स्वच्छता सर्वेक्षण में स्वर्ण नगरी जैसलमेर को उत्कृष्ट रैंकिंग प्राप्त करने संबंधित टिप्स दी गई। बैठक में जिला कलक्टर अनुपमा जोरवाल द्वारा ब्रांड एंबेसडर श्री गुप्ता द्वारा किए गए कार्यों की प्रशंसा की तथा नगर परिषद आयुक्त द्वारा श्री गुप्ता का स्वागत किया गया।
बैठक को संबोधित करते हुए श्री गुप्ता ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री भजन लाल शर्मा ने सत्ता संभालने के बाद से ही स्पष्ट कर दिया था कि सरकार का मूल उद्देश्य जनता को पारदर्शी प्रशासन देना और विकास कार्यों को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना है। इसी सोच के साथ प्रदेश में सड़क, पानी, बिजली, शिक्षा, स्वास्थ्य, स्वच्छता और रोजगार जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों में तेज गति से कार्य किए जा रहे हैं। ग्रामीण क्षेत्रों से लेकर शहरी इलाकों तक विकास योजनाओं का लाभ आम नागरिकों तक पहुंच रहा है। प्रदेश में स्वच्छता को लेकर भी सरकार गंभीरता से कार्य कर रही है। स्वच्छ भारत मिशन के अंतर्गत नगर निकायों और ग्राम पंचायतों में सफाई व्यवस्था को मजबूत किया जा रहा है। पर्यटन स्थलों, धार्मिक क्षेत्रों और प्रमुख शहरों को स्वच्छ एवं सुंदर बनाने के लिए विशेष अभियान चलाए जा रहे हैं। राज्य सरकार की मंशा है कि राजस्थान केवल सांस्कृतिक और ऐतिहासिक पहचान तक सीमित न रहे, बल्कि स्वच्छता और आधुनिक विकास में भी देश के अग्रणी राज्यों में शामिल हो।
श्री गुप्ता ने कहा कि मुख्यमंत्री की कार्यशैली का सबसे बड़ा पक्ष यह माना जा रहा है कि वे योजनाओं की केवल घोषणा तक सीमित नहीं रहते, बल्कि उनके प्रभावी क्रियान्वयन पर भी लगातार निगरानी रखते हैं। अधिकारियों को समयबद्ध कार्य प्रणाली अपनाने के निर्देश दिए गए हैं ताकि जनता को सरकारी योजनाओं का लाभ बिना किसी परेशानी के मिल सके। भ्रष्टाचार और लापरवाही के खिलाफ सरकार का सख्त रवैया भी आमजन में सकारात्मक संदेश दे रहा है। प्रदेश के युवाओं, किसानों, महिलाओं और व्यापारिक वर्ग के हित में भी कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए हैं। युवाओं को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने, किसानों को राहत देने एवं महिलाओं की सुरक्षा और आत्मनिर्भरता बढ़ाने की दिशा में राज्य सरकार लगातार योजनाएं लागू कर रही है। इससे समाज के हर वर्ग में सरकार के प्रति विश्वास मजबूत हुआ है। विकास कार्यों और सुशासन की पहल से यह स्पष्ट हो रहा है कि राजस्थान अब नई दिशा और नई ऊर्जा के साथ आगे बढ़ रहा है। मुख्यमंत्री श्री शर्मा के नेतृत्व में राज्य विकास, स्वच्छता, पारदर्शिता और जनकल्याण की नई पहचान स्थापित करता दिखाई दे रहा है।
स्वच्छता में निकायों के कार्य प्रदर्शन के आधार पर तय होगी श्रेणी
श्री गुप्ता ने कहा कि सभी निकायों को स्वच्छता पर चल रहे कार्याे के आधार पर चार भागो में बाँटा गया है। ए श्रेणी के निकायो में अभी स्वच्छता के प्रति श्रेष्ठ कार्य चल रहा है। बी श्रेणी के निकायो में स्वच्छता के प्रति संतोषजनक कार्य किये जा रहे है। सी श्रेणी के निकायो में स्वच्छता के कार्याे के प्रति गंभीरता नहीं है सुधार के लिए चेतावनी दी जानी आवश्यक है। डी श्रेणी के निकायों में सख़्त कारवाई की आवश्यकता है।
स्वच्छता को धरातल पर उतारने के लिए 5 प्रमुख बिंदुओं पर करें विशेष फोकस
घर.घर कचरा संग्रहण - सुबह 10 बजे से पूर्व शत.प्रतिशत घर.घर कचरा संग्रहण हो। स्रोत पर ही गीला और सूखा कचरा अलग किया जाए। जनजागरूकता के लिए विशेष अभियान चलाएं। कचरा संग्रहण की सूक्ष्म मॉनिटरिंग हो ताकि कोई लूपहोल नहीं रहे।
नाइट स्वीपिंग - रात्रि 10 बजे से सुबह 4 बजे तक प्रत्येक 400 मीटर क्षेत्र में एक कर्मचारी सफाई करे। वाणिज्यिक क्षेत्रों में 365 दिन रात्रिकालीन सफाई होनी चाहिए। रात की पारी में सफाई करने वाले कर्मचारियों की सुरक्षा भी सुनिश्चित की जाए।
सार्वजनिक शौचालय - सार्वजनिक शौचालय दिन में तीन बार साफ हों। अधिकारी और स्वास्थ्य निरीक्षण स्वयं दिन में एक बार सार्वजनिक शौचालय का उपयोग करें। इससे शौचालयों में स्वच्छता बढ़ेगी जिससे आमजन की सराहना भी मिलेगी। विद्यालयों के शौचालयों की भी नियमित सफाई करवाएं।
प्लास्टिक थैली - प्लास्टिक थैली हमारे पर्यावरणए मानव स्वास्थ्य और पशुओं के लिए हानिकारक है। प्लास्टिक थैली के उपयोग को इस हद तक हतोत्साहित करना होगा कि प्लास्टिक हमें नजर ही नहीं आए। प्लास्टिक थैली का उत्पादन और व्यापार करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्यवाही की जाए।
खाली प्लॉट्स - शहर में खाली प्लाट्स कचरे का बड़ा केंद्र बन गए हैं। ऐसे सभी खाली प्लाट्स के मालिकों को गंदगी साफ करवाने के बाद बाउण्ड्री करवाने के लिए पाबंद करें। यदि वे ऐसा नहीं करते हैं तो निगम यह काम करवाए और लागत का 10 गुना प्लॉट मालिक से वसूले। राशि जमा नहीं करवाने पर प्लॉट को सीज किया जाए।
श्री गुप्ता ने स्पष्ट किया कि कोई भी विभाग शहर के अंदर किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं करते जलदाय विभाग हर घर तक पानी पहुंचाएं एवं लाइन लीकेज होने पर तुरंत मरम्मत करें। सार्वजनिक निर्माण विभाग शहर की सड़कों को तुरंत रिपेयर करें। सीवरेज के कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं बरती जाए। मेंटेनेंस पार्ट 1 किलोमीटर से ज्यादा नहीं छोड़ा जाए।
इन बिन्दुओं पर भी दें ध्यान
शहर में शत प्रतिशत स्ट्रीट लाइट जलनी चाहिए। बाग-बगीचों की नियमित सफाई हो। वहां झूले लगे हों एवं फव्वारे कार्यशील हों। निर्माण सामग्री सडक़ो और नालियों को बाधित नहीं करे। बिना लाइसेंस के मांस की दुकानों को बंद करवाया जाए। डिवाइडर कचरा पात्र नहीं बनें। सरकारी सम्पत्तियों पर पोस्टर नहीं चिपके हों। कचरा यार्ड में आग नहीं लगनी चाहिए। 90 ए भू रूपांतरित करने के पूर्व भूमालिक द्वारा जमीन का विकास कार्य कराए जाने के स्पष्ट निर्देश दिए।
जिले की दोनों निकाय के लिए स्वच्छता प्रभारी व सह प्रभारी नियुक्त
जिले की दोनों नगर निकायो के लिए प्रभारी और सहप्रभारी नियुक्त किए गए हैं। नगर परिषद जैसलमेर में समाजसेवी कँवराज सिंह चौहान प्रभारी 9414469287 एवं नरेंद्र व्यास सह प्रभारी 8890210959 तथा नगर पालिका पोकरण में संतोष पालीवाल प्रभारी 8005700351 एवं जितेन्द्र माली 8385958625 सह प्रभारी नियुक्त किए गए हैं। इनके द्वारा संबंधित निकाय क्षेत्र में गंदगी या स्वच्छ भारत मिशन से संबंधित अनियमितता पाए जाने पर संबंधित निकाय को अवगत कराया जाएगा अधिकारियों द्वारा त्वरित रूप से कार्यवाही करते हुए शिकायतों का निस्तारण किया जाएगा।
आमुखीकरण कार्यशाला के दौरान नगरपरिषद जैसलमेर के आयुक्त लजपालसिंह सोढ़ा, नगरपालिका पोकरण के अधिशाषी अधिकारी झब्बर सिंह, अधीक्षण अभियंता जलप्रदाय के.सी.मीणा, विद्युत भैराराम , वार्डवार नियुक्त स्वच्छता प्रभारी अधिकारी तथा जमादार के साथ ही अन्य विभागीय अधिकारीगण उपस्थित रहे।