जैसलमेर । राज्य सरकार द्वारा संचालित वंदे गंगा जल संरक्षण जन अभियान के अंतर्गत गुरुवार को ग्राम पंचायत मेकूबा में ब्लॉक स्तरीय कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में जल संरक्षण एवं संवर्धन से जुड़ी विभिन्न गतिविधियों की समीक्षा करते हुए जनभागीदारी को और अधिक सशक्त बनाने पर बल दिया गया।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री जल स्वावलम्बन अभियान (एमजेएसए) 2.1 एवं 2.2 के अंतर्गत पूर्ण किए गए कार्यों का अवलोकन एवं लोकार्पण किया गया। साथ ही अभियान 2.2 एवं 2.3 के तहत नवीन कार्यों की स्वीकृति एवं प्रारंभिक कार्यवाही संपादित की गई। अधिकारियों ने ओरण एवं चारागाह भूमि के चिन्हीकरण, पौधारोपण एवं घास बुवाई कार्यक्रमों की अग्रिम तैयारियों की भी समीक्षा की।
हरियालो राजस्थान अभियान के तहत पौधारोपण कार्यक्रमों की तैयारियों पर चर्चा की गई एवं चयनित ग्राम पंचायतों में आयोजित जल चौपालों के माध्यम से जल संग्रहण एवं जल संरक्षण गतिविधियों को गति देने पर विचार-विमर्श किया गया। इसके अतिरिक्त सरकारी भवनों में स्थापित वर्षा जल संचयन संरचनाओं (आरटीडब्ल्यूएचएस) की साफ-सफाई एवं सड़क किनारे पौधारोपण की तैयारियों की भी समीक्षा की गई।
इस अवसर पर उपखण्ड अधिकारी भणियाणा गोपीचन्द पालीवाल, अधिशाषी अभियंता अरुण पटेल, सहायक अभियंता श्रीकान्त, कनिष्ठ अभियंता विजय मीणा, जलग्रहण विकास एवं भू-संरक्षण विभाग के वीरेन्द्र सिंह, ग्राम विकास अधिकारी राकेश मीणा, पटवारी पिंकी, कृषि पर्यवेक्षक विनोद कुमार एवं सरपंच गौरी बानो सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं ग्रामीणजन उपस्थित रहे।
अतिथियों एवं अधिकारियों ने ग्रामीणों को जल एवं पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक करते हुए जल स्रोतों के संरक्षण, वर्षा जल संचयन तथा प्राकृतिक संसाधनों के सतत उपयोग को जनआंदोलन का स्वरूप देने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि जल संरक्षण केवल सरकारी कार्यक्रम नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित भविष्य का संकल्प है।