जम्मू। जम्मू मंडल और भारत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड के बीच सोमवार को जम्मू स्थित बजालता में ‘‘गति शक्ति मल्टी-मोडल कार्गो टर्मिनल’’ रेलवे साइडिंग के लिए एक महत्वपूर्ण वाणिज्यिक समझौते पर हस्ताक्षर किए गए।
इस समझौते पर जम्मू मंडल की ओर से वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक श्री उचित सिंघल और भारत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड की ओर से श्री चंदन चौहान, टेरिटरी मैनेजर (रिटेल)-जम्मू ने हस्ताक्षर किए। यह समझौता जम्मू सामान्य उपयोगकर्ता सुविधा के लिए रसद और परिवहन दक्षता को बढ़ाने की दिशा में एक बड़ा कदम है।
बजालता में इस नई साइडिंग से पेट्रोलियम उत्पादों की सुचारू आवाजाही सुनिश्चित होगी, जिससे क्षेत्र की ऊर्जा आपूर्ति श्रृंखला और अधिक मजबूत होगी। ‘‘गति शक्ति’’ पहल के तहत यह टर्मिनल व्यापार को सुगम बनाने और बुनियादी ढांचे के विकास में रेलवे और सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों के बीच बेहतर समन्वय का प्रमाण है। जम्मू मंडल के बजालता में गति शक्ति मल्टी-मोडल कार्गो टर्मिनल का विकास जम्मू-कश्मीर और लद्दाख क्षेत्र की ऊर्जा सुरक्षा और बुनियादी ढांचे के लिए एक ऐतिहासिक कदम है।
इस टर्मिनल की मुख्य विशेषताओं पर बात करें तो, कुल 109225 केएल कि भंडारण क्षमता वाला यह टर्मिनल प्रति दिन 02 रैक हैंडलिंग की क्षमता रखता है, जिससे कि लगभग 1,62,000 मीट्रिक टन पेट्रोलियम उत्पादों की मासिक आपूर्ति की जाएगी। आधुनिक एवं सुरक्षित टैंक वैगनों के माध्यम से हैंडलिंग। टर्मिनल को जल्द ही माह के आखिर तक संचालन में लाया जाएगा। यहाँ इस समझौते के दीर्घकालिक प्रभाव और प्रमुख लाभों पर विस्तारपूर्वक वर्णन करें, तो यह टर्मिनल जम्मू-कश्मीर और लद्दाख जैसे रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण क्षेत्रों में साल भर पेट्रोलियम उत्पादों की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करेगा।
अत्याधुनिक स्वचालन और रेल-सड़क कनेक्टिविटी के साथ यह परियोजना आने वाले दशकों के लिए क्षेत्र की लॉजिस्टिक्स रीढ़ बनेगी। इस ‘‘गति शक्ति’’ पहल के अन्तर्गत, वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक श्री उचित सिंघल ने प्रमुख लाभों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि टर्मिनल के शुरू होने से जम्मू शहर की सड़कों टैंक लॉरियों का दबाव कम होगा, जिससे स्थानीय यातायात सुगम होगा।
जम्मू मंडल के जनसम्पर्क निरीक्षक श्री राघवेन्द्र सिंह ने बताया कि सड़क के बजाय रेल द्वारा परिवहन करने से कार्बन उत्सर्जन में भारी कमी आएगी। इस परियोजना से प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से लोगों को रोजगार मिलने की संभावना है, जिससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी। रेल द्वारा परिवहन सड़क की तुलना में काफी सस्ता पड़ता है, जिससे उद्योगों के लिए लॉजिस्टिक्स लागत में कमी आएगी और दक्षता बढ़ेगी। पेट्रोलियम उत्पादों को समर्पित टैंक वैगनों और आधुनिक टर्मिनल के माध्यम से स्थानांतरित करने से स्वास्थ्य, सुरक्षा और पर्यावरण के मानकों में काफी सुधार होगा।