उदयपुर। आबकारी आयुक्त नमित मेहता ने कहा कि प्रदेश में अवैध मदिरा निर्माण, भण्डारण, परिवहन एवं विक्रय पर रोकथाम के लिए विशेष निरोधात्मक अभियान में प्रभावी कार्रवाई की जानी चाहिए। स्थानीय स्तर पर अपने मुखबिर तंत्र को सशक्त करते हुए अन्य राज्य की शराब की तस्करी पर आबकारी एक्ट के तहत पुख्ता कार्रवाई करें। इस कार्य में किसी भी प्रकार की कोताही नही होनी चाहिए। जिन जिलों में अपेक्षित कार्यवाही नही हुई है उनकी जिम्मेदारी तय होगी अतः गंभीरता से अभियान की सफलता सुनिश्चित करें।
आबकारी आयुक्त नमित मेहता वीडियों काॅफ्रेंस के माध्यम से प्रदेश में 1 से 15 मई तक जारी विशेष निरोधात्मक अभियान की समीक्षा बैठक को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि विशेष निरोधात्मक अभियान के तहत महत्वपूर्ण केस दर्ज करते हुए देशी एवं भारत निर्मित विदेशी मदिरा जब्ती की प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करें। होटल, रेस्टोरेन्ट, बार एवं बडे समारोह के तहत नियमानुसार जांच की जानी चाहिए जिससे अवैध शराब एवं बिना लाइसेंस शराब की गतिविधियों पर कार्यवाही सुनिश्चित की जा सके।
आयुक्त श्री मेहता ने समस्त अधिकारियों को निर्देशित किया कि अवैध शराब के विरूद्ध 15 मई तक जारी अभियान की 7 दिवस बाद पुनः समीक्षा की जाएगी अतः सभी अपेक्षित प्रगति के लिए सजग होकर कार्य करेंगे। वीसी में मुख्यमंत्री जनसुनवाई के लंबित प्रकरण से संबंधित जिलों को शीघ्र जवाब प्रस्तुत करने के लिए निर्देशित किया गया। आबकारी आयुक्त ने सभी अधिकारियों को सेटलमेन्ट से शेष रही दुकानों का आगामी नीलामी में सकारात्मक रूप से शत-प्रतिशत बंदोबस्त पूर्ण करने के लिए निर्देशित किया। इस पर सभी ने दुकानों का बंदोबस्त पूर्ण करने की सहमति व्यक्त की। बैठक में अतिरिक्त आबकारी आयुक्त पाॅलिसी प्रदीप सिंह सांगावत ने पीपीटी प्रजेन्टेशन के माध्यम से प्रत्येक जोन में जिलेवार विशेष निरोधात्मक अभियान की प्रगति के संबंध में रिपोर्ट प्रस्तुत की। इस अवसर पर उपायुक्त ईपीएफ प्रद्युम्न सिंह चुण्डावत सहित प्रदेश के समस्त जोन के अतिरिक्त आयुक्त, उपायुक्त ईपीएफ, जिला आबकारी अधिकारी, सहायक आबकारी अधिकारी, आबकारी निरीक्षक, प्रहराधिकारी मौजूद रहे।