मॉन्टाज लेखकों, कलाकारों, शिक्षाविदों तथा विभिन्न क्षेत्रों के चिंतकों का एक प्रतिष्ठित मंच है
चित्तौड़गढ़ / उदयपुर । 21वीं सदी के राजस्थान साहित्यिक आंदोलन के संस्थापक-प्रवर्तक अनिल सक्सेना ‘ललकार’ को उदयपुर के प्रतिष्ठित बौद्धिक एवं सांस्कृतिक मंच मॉन्टाज ने अपनी आगामी बैठक में मुख्य अतिथि के रूप में आमंत्रित किया है। यह बैठक 14 जून 2026 को सायं 4:30 बजे उदयपुर स्थित तखमन-28 आर्ट सेंटर में आयोजित होगी।
मॉन्टाज के संस्थापक डॉ. परितोष चंद्र दुग्गड़ द्वारा भेजे गए निमंत्रण पत्र में अनिल सक्सेना ‘ललकार’ के साहित्य, कला, संस्कृति और जनजागरण के क्षेत्र में किए जा रहे कार्यों की सराहना की गई है। पत्र में कहा गया है कि राजस्थान मीडिया एक्शन फोरम, चित्तौड़गढ़ साहित्य उत्सव तथा विभिन्न सांस्कृतिक गतिविधियों के माध्यम से उन्होंने राजस्थान की समृद्ध कला एवं सांस्कृतिक परंपराओं के संरक्षण और संवर्धन में महत्वपूर्ण योगदान दिया है।
डॉ. दुग्गड़ ने अपने संदेश में उल्लेख किया है कि अनिल सक्सेना ‘ललकार’ द्वारा सांस्कृतिक जागरूकता, रचनात्मक अभिव्यक्ति और सार्थक सामाजिक संवाद को प्रोत्साहित करने के लिए किए गए प्रयासों को व्यापक सम्मान और पहचान प्राप्त हुई है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि उनके अनुभव, विचार और सांस्कृतिक दृष्टि मॉन्टाज से जुड़े साहित्यकारों, कलाकारों, शिक्षाविदों और युवा रचनाकारों को नई प्रेरणा प्रदान करेंगे।
मॉन्टाज लेखकों, कलाकारों, शिक्षाविदों तथा विभिन्न क्षेत्रों के चिंतकों का एक प्रतिष्ठित मंच है, जो साहित्य, कला, संस्कृति और सामाजिक-बौद्धिक विषयों पर सार्थक संवाद को बढ़ावा देने के लिए कार्यरत है। संस्था समय-समय पर विचार गोष्ठियों, सांस्कृतिक कार्यक्रमों और बौद्धिक विमर्शों का आयोजन करती रही है।
आयोजकों के अनुसार कार्यक्रम में साहित्य, कला, संस्कृति, सामाजिक चेतना तथा समकालीन बौद्धिक विषयों पर विचार-विमर्श होगा, जिसमें उदयपुर सहित प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों से साहित्यकार, कलाकार, शिक्षाविद और बुद्धिजीवी भाग लेंगे।