श्रीगंगानगर,  शिक्षा विभाग की जिला निष्पादन समिति की बैठक गुरूवार को जिला कलक्टर डॉ. मंजू की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में हुई। बैठक में जिला कलक्टर ने शिक्षा विभाग की योजनाओं की प्रगति की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को निर्देशित किया कि निजी विद्यालयों में भी नशा मुक्त श्रीगंगानगर अभियान के तहत विद्यार्थियों में बैज वितरित कर उन्हें नशामुक्ति के लिए जागरूक और प्रेरित किया जाए।
बैठक में नशा मुक्त श्रीगंगानगर अभियान के तहत जागरूकता गतिविधियों का उल्लेख करते हुए जिला कलक्टर ने कहा कि शिक्षण संस्थानों सहित समस्त जागरूक कार्यक्रमों में विद्यार्थियों व आमजन को नशे के दुष्प्रभाव बताने के साथ-साथ नशा छोड़ने के लिये भी प्रेरित किया जाये। वीडियो फिल्म, लघु नाटक, रैली, भाषण, चित्रकला सहित समस्त गतिविधियों के माध्यम से नशा मुक्ति का संकल्प दिलाते हुए निजी विद्यालयों में भी बैज वितरित किये जायें।
हरियालो राजस्थान के अंतर्गत जिले में पौधारोपण अभियान की प्रगति की समीक्षा करते हुए जिला कलक्टर ने ब्लॉकवार अधिक से अधिक पौधारोपण व जिओ टैगिंग करने के निर्देश दिये। अभियान में निजी शिक्षण संस्थानों की भागीदारी का उल्लेख करते हुए जिला कलक्टर ने कहा कि अच्छा कार्य करने वाले संस्थानों की तर्ज पर जिले में ज्यादा से ज्यादा पौधारोपण कर उनकी सार-संभाल सुनिश्चित की जाए।
जिला रैंकिंग और जर्जर भवनों पर चर्चा करते हुए जिला कलक्टर ने कहा कि ऐसे भवनों में शिक्षण कार्य नहीं करवाया जाए। जिन जर्जर भवनों की मरम्मत हो सकती है, उनकी मरम्मत करवाकर शेष के नियमानुसार निस्तारण के प्रस्ताव भिजवाने के लिए सीडीईओ को निर्देशित किया गया। विद्यालय परिसर में पेयजल डिग्गी, टांकों की सुरक्षा गंभीतापूर्वक सुनिश्चित करने के निर्देश देते हुए उन्होंने कहा कि लापरवाही पर संबंधित संस्था प्रधान के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
विद्यालयों में नामांकन बढ़ाने के लिए शिक्षा विभाग को निर्देशित करते हुए जिला कलक्टर ने कहा कि प्रभावी कार्य योजना बनाकर ड्रॉप आउट बच्चों को शिक्षा से जोड़ें और उन्हें पढ़ने के लिए जागरूक करें। विद्यालयों में जन आधार और आधार सीडिंग की ब्लॉकवार स्थिति की समीक्षा कर उन्होंने समग्र शिक्षा के तहत जारी निर्माण कार्यों और आगामी वित्तीय वर्ष की योजना पर चर्चा की। कम्युनिटी व पिंक टॉयलेट की ब्लॉकवार रिपोर्ट के निर्देश देते हुए जिला कलक्टर ने मिड-डे-मिल, बाल गोपाल दुग्ध योजना, सम्पर्क पोर्टल पर परिवाद निस्तारण की समीक्षा करते हुए कहा कि संपर्क पोर्टल पर प्राप्त शिकायतों का गुणवत्तापूर्ण निस्तारण किया जाए।
बैठक में राजकीय विद्यालयों के विद्यार्थियों के स्वास्थ्य परीक्षण, विद्यालय परिसर भवन सुरक्षा, पिंक-ब्ल्यू टेबलेट वितरण, निःशुल्क आरटीई प्रवेश प्रक्रिया, विद्यालयों में शौचालयों की उपलब्धता, आरटीई भुगतान, निजी विद्यालयों की मान्यता-संचालन के मापदण्ड, लाडो योजना पर गहनता से चर्चा की गई। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को यातायात नियमों की समुचित जानकारी दी जाए और बैठक के माध्यम से समस्त विद्यालय संचालकों को जागरूक करें कि 18 वर्ष से कम आयु के विद्यार्थियों द्वारा वाहन संचालन नहीं किया जाए।
बैठक में अतिरिक्त जिला कलक्टर प्रशासन श्री सुभाष कुमार, सीडीईओ श्री गिरजेशकांत शर्मा, डीईओ श्री हीरालाल बिश्नोई, श्री अमरजीत सिंह लहर, डॉ. मुकेश मेहता, श्रीमती कविता सिहाग सहित अन्य मौजूद रहे।