उदयपुर। जनार्दन राय नागर राजस्थान विद्यापीठ के डबोक परिसर स्थित डिपार्टमेंट ऑफ फिजियोथेरेपी में बीपीटी एवं एमपीटी पाठ्यक्रम के सत्र 2026-27 के नवागंतुक विद्यार्थियों के लिए अभिविन्यास समारोह आयोजित किया गया। समारोह में विश्वविद्यालय के कुलाधिपति श्री भंवरलाल गुर्जर मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। वल्लभनगर विधानसभा क्षेत्र के विधायक श्री उदयलाल डांगी प्रमुख अतिथि रहे, जबकि कार्यक्रम की अध्यक्षता विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. (डॉ.) मंजू मांडोत ने की।

कुलाधिपति श्री भंवरलाल गुर्जर ने नवागंतुक विद्यार्थियों का स्वागत करते हुए उन्हें फिजियोथेरेपी चिकित्सा पद्धति एवं उसकी बारीकियों से अवगत कराया। उन्होंने विश्वविद्यालय में उपलब्ध विभिन्न विभागों एवं सुविधाओं की जानकारी देते हुए विद्यार्थियों को अपने विषय में दक्षता हासिल करने के साथ समाजोपयोगी कार्यों में सक्रिय योगदान देने के लिए प्रेरित किया।

प्रमुख अतिथि एवं वल्लभनगर विधायक श्री उदयलाल डांगी ने भींडर स्थित सरकारी उपस्वास्थ्य केंद्र में फिजियोथेरेपी की आवश्यकता को देखते हुए वहां फिजियोथेरेपी विभाग की स्थापना के लिए विश्वविद्यालय के साथ एमओयू करने का प्रस्ताव रखा। उन्होंने कहा कि इस पहल से क्षेत्र के लोगों को फिजियोथेरेपी सेवाओं का लाभ स्थानीय स्तर पर उपलब्ध कराया जा सकेगा।

अध्यक्षता करते हुए कुलपति प्रो. (डॉ.) मंजू मांडोत ने नवागंतुक विद्यार्थियों को आशीर्वचन प्रदान करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। उन्होंने कहा कि फिजियोथेरेपी केवल उपचार की विधा नहीं, बल्कि स्वस्थ एवं सशक्त समाज के निर्माण में महत्वपूर्ण सेवा है। विद्यार्थियों को अकादमिक ज्ञान के साथ मानवीय संवेदना, शोध एवं नवाचार को अपनाते हुए समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारी का निर्वहन करना चाहिए।

विभाग के प्राचार्य एवं समारोह संयोजक प्रो. डॉ. शैलेन्द्र मेहता ने नवागंतुक विद्यार्थियों को शुभकामनाएं देते हुए फिजियोथेरेपी शिक्षा एवं प्रशिक्षण के महत्व पर अपने विचार व्यक्त किए।

समारोह में डॉ. सुमिता खण्ड ग्रोवर, डॉ. विनोद नायर, डॉ. प्रज्ञा भट्ट, डॉ. मानसकांत चक्रवर्ती, डॉ. कार्तिक सुखवाल, डॉ. प्रिया दादीच, डॉ. अर्पिता गुप्ता, डॉ. रोहिता सोनी, डॉ. चिराग पूर्विया, डॉ. विकास शर्मा एवं डॉ. पार्थकुमार देवमुरारी सहित विभागीय कार्यकर्ता एवं शिक्षक उपस्थित रहे।

समारोह में बीपीटी के 100 एवं एमपीटी के 24, कुल 124 नवागंतुक विद्यार्थी उपस्थित रहे।

अंत में डॉ. सुमिता खण्ड ग्रोवर ने अतिथियों एवं नवागंतुक विद्यार्थियों के प्रति आभार व्यक्त किया। मंच संचालन डॉ. प्रज्ञा भट्ट ने किया।