कोटा। हिंदी दिवस पखवाड़े के अंतर्गत राजकीय सार्वजनिक मंडल पुस्तकालय, कोटा में विद्यार्थियों एवं पुस्तकालय पाठकों के लिए विभिन्न प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। इन प्रतियोगिताओं का उद्देश्य हिंदी भाषा के प्रति रुचि, रचनात्मकता और अभिव्यक्ति कौशल को बढ़ावा देना रहा।

इस अवसर पर “ज्ञान-विज्ञान और कृत्रिम बुद्धिमत्ता के युग में हिंदी की भूमिका” विषय पर निबंध प्रतियोगिता आयोजित हुई। प्रतिभागियों ने ज्ञान-विज्ञान, तकनीक और कृत्रिम बुद्धिमत्ता के क्षेत्र में हिंदी को सशक्त माध्यम बनाने की संभावनाओं पर अपने विचार व्यक्त किए।

श्रुतिलेखन प्रतियोगिता में हिंदी की उपयोगिता, डिजिटल माध्यमों और कृत्रिम बुद्धिमत्ता से जुड़े पाठ का लेखन कराया गया। प्रतिभागियों ने शुद्ध लेखन एवं भाषा ज्ञान का प्रदर्शन किया।

इसी क्रम में “हिंदी : मेरी पहचान, मेरा स्वाभिमान” विषय पर स्वरचित काव्य लेखन प्रतियोगिता आयोजित की गई। प्रतिभागियों ने हिंदी के प्रति अपने भाव, गौरव और आत्मीयता को कविताओं के माध्यम से अभिव्यक्त किया।

वाद-विवाद प्रतियोगिता में “कृत्रिम बुद्धिमत्ता के युग में हिंदी का भविष्य : अवसर अधिक या चुनौतियाँ?” विषय पर पक्ष एवं विपक्ष में प्रतिभागियों ने अपने तर्क प्रस्तुत किए। इस दौरान हिंदी के समकालीन स्वरूप, डिजिटल तकनीक, कृत्रिम बुद्धिमत्ता और युवा पीढ़ी के बीच हिंदी के बढ़ते प्रभाव पर सार्थक चर्चा हुई।

पुस्तकालय प्रशासन के अनुसार प्रतियोगिताओं के परिणाम 18 सितंबर 2026 को घोषित किए जाएंगे। विजेता प्रतिभागियों को 19 सितंबर 2026 को हिंदी दिवस पखवाड़े के समापन अवसर पर पुरस्कार एवं प्रमाण-पत्र प्रदान कर सम्मानित किया जाएगा।

कार्यक्रम का उद्देश्य हिंदी को केवल साहित्य और भावनाओं की भाषा तक सीमित न रखते हुए ज्ञान-विज्ञान, तकनीक, कृत्रिम बुद्धिमत्ता और डिजिटल युग की सशक्त भाषा के रूप में स्थापित करने के लिए युवा पीढ़ी को प्रेरित करना रहा।