निम्बाहेडा- मेवाड़ के प्रसिद्ध श्री शेषावतार कल्ला जी वेदपीठ के 21 वें कल्याण महाकुम्भ की सभी आवश्यक तेयारिया अन्तिम चरण में है जिसके तहत नेमीशारण्य स्परूप में कथा मण्डप के साथ ही 51 कुण्डीय पंच दिवसीय श्री अतिरूद्र महायज्ञ के लिए यज्ञ शाला को अन्तिम रूप दिया जा रहा हैं।
वेदपीठ के पदाधिकारियों ने रविवार को वेदपीठ परिसर के कथा मण्डप में आयोजित पत्रकार वार्ता के दौरान बताया कि सनातम धर्म और गुरू परम्परा की पोशक एंव संवाहक के रूप में वैदिक संस्कृति के राष्ट्रीय मानचित्र पर पहचान बनाने के साथ ही संस्थान की ओर से विभीन्न धर्मावल्मबियों को एक मंच से जोड कर देश में एक नई पहचान बनाने की भावना से वेदपीठ की परम्परा अनुसार महाकुंभ के दौरान ंिसंधी और सिख समाज के अनुकरणीय योगदान के फलस्वरूप गुरूग्रंथ साहिब का अखण्ड पाठ की पूर्णता रविवार को गुरूग्रंथ साहिब से निकले वचन के अनुसार गुरूवाणी का सार व फलश्रुती बताते हुए ज्ञानियांे ने कहा की ईश्वर की शरण में जाने पर वे सब की रक्षा करते हैं इस मोके पर शबद कीर्तन व अरदास कर ठाकुर श्री कल्ला जी एंव वाहेगुरू से अनुनय आग्रह कर सर्वत्र खुशहाली एंव अच्छी वर्षा के साथ कल्याण महाकुंभ की भव्यता की कामना की गई इस मोके पर गुरूद्वारा चित्तौड़गढ़ के ज्ञानी गुरविन्दर सिंह, बूंदी से आए पाठी जुबेर सिंह, गुरदीप सिंह, कमलजीत सिंह व राजवीर सिंह का वेदपीठ की ओर से सम्मान किया गया इस मोके पर बड़ी संख्या में मोजुद सिख एंव सिंधी समाज के साथ ही वेदपीठ पर सजे गुरूग्रंथ साहिब के दीवान के समक्ष मत्था टेक कर सर्वत्र खुशहाली की कामना का द्रश्य आन्नद दायक था। इस आयोजन की प्रेस की ओर से भी भुरी-भुरी प्रशंसा की गई।
वेदपीठ केे पदाधिकारियों ने बताया की सोमवार सांय 04 बजे से नगर के सकल जैन समाज की ओर से वेदपीठ परिसर में नवकार मंत्र के जाप कर महाकुंभ की भव्यता के साथ सर्वत्र सुख साता की कामना की जाएगी ।
परंमपरागत रात्री जागरण आज-
कल्याणस महाकुंभ के भव्य शुभारंभ के पूर्व नगर के समक्ष मन्दिरों एंव देवालयों मे निमत्रंण के बाद आज सांय ठाकुर जी की संध्या महा आरती के बाद कृष्णा कल्याण शक्ति ग्रुप की महिलाओं के साथ ही बड़ी संख्या में कल्याण भक्त महिलाओं द्वारा परंमपरागत रात्रि जागरण मेें ठाकुर जी सहित समस्त देवी देवताओं के पारंपरिक गीतो के साथ मनभावन भजनो की प्रस्तुती देकर महाकुंभ को भव्यतम स्वरूप देने की कामना करेगी।
विशाल नगर जागरण वाहन रैली 30 को-
कल्याण महाकुंभ के नगर जागरण के उद्देश्य से 30 जून को सांय 06 बजे से वेदपीठ परिसर से विशाल दौ पहिया व चैपहिया वाहनो की वाहन रैली मालवी ढोल के थाप, बैंड बाजो की धुन के साथ ठाकुर जी के गगन भेदी नारो के साथ कल्याण नगरी के समस्थ गली मोहल्लों ओर मार्गो से होकर जनजागरण करते हुए वेदपीठ परिसर में ही सम्पन्न होगी।
भव्य विशाल शोभा यात्रा व कलश यात्रा 01 को।
वेदपीठ के पदाधिकारियों ने बताया की भगवान शिव को समर्पित 21 वें कल्याण महाकुंभ की शोभा यत्रा भी एक नया इतिहास रचेगी जिसमें मुबंई के ढोल ताशा बैंड के साथ ही 11 बैंड 21 मालवीय ढोल 51 अश्व व ऊँट व ऊँट गाड़ियो के अलावा 1100 कलश धारण किये नारी शक्ति, बटुक, वीर वीरागंनाए शक्ति ग्रुप की बालीकाओं के अलावा 1 दर्जन से अधिक मनमोहक झाकिया तोप से पूष्प वर्षा सहित कई आकर्षण होगे शोभा यात्रा के पूरे मार्ग में रंगीन कारपेट बिछाई जाएगी वही कल्याण नगरी के समस्त धार्मिक, सामाजिक, राजनैतिक, ओद्योगिक, व्यवसायिक प्रतिष्ठानों के अलावा समस्त नगरवासी पलक पावडे़ बिछा कर दशहरा मैदान के ढाबेश्वर महादेव से प्रारंभ होकर मन्दिर तक पुरे मार्ग मे ठाकुर जी के रथ की पूजा अर्चना व कल्याण भक्तों के आत्मिक स्वागत की तेयारिया कर चुके है। महाकुंभ के दौरान ठाकुर जी के मन्दिर के द्वार की अनुठी शेली हजारो भक्तो के लिए विशेष आकर्षण का केन्द्र होगी।
अष्ट दिवसीय शिवलिंग महापुराण कथा 01 से।
21 वा कल्याण महाकुंभ भगवान शिव को समर्पित है जिसके फलस्वरूप भानपुरा पीठ के शंक्राचार्य स्वामी ज्ञानानन्द तिर्थ के मुखारविन्द से भगवान शिव के लिंग स्वरूप के साथ ही उनके पंच अवतार की विषद् व्याख्या श्रवण करने का अवसर मिलेगा।
51 कुण्डीय पंच दिवसीय श्री अतिरूद्र महायज्ञ 04 से ।
कल्याण महाकुंभ के दौरान पंच दिवसीय 51 कुण्डीय श्री अतिरूद्र महायज्ञ के दौरान यज्ञ शाला में द्वाद्श ज्योर्तिलिंग के अनुपम दर्शन के साथ ही 1500 यजमान युगलो के भागीदारी के लक्ष्य से भी यजमानों द्वारा पंजीयन किया जा चुका है इसी प्रकार श्रीलिंग महापुराण के पारायण के स्थान पर 111 पारायण किये जा चुके हैं। वही भगवान शिव के पंचाक्षरी सवा करोड़ मंत्र के स्थान पर चोगुने 5 करोड़ जाप होने से कल्याण नगरी भगवान शिव की प्रिय नगरी के रूप में साबित होगी ।
ठाकुर जी के दिव्य दर्शन ओर मातृ पितृ पूजन आषढ़ कृष्णा अष्टमी को ।
अष्ट दिवसीय कल्याण महाकुंभ के अन्तिम दिवस आषढ़ कृष्णा अष्टमी बुधवार को अतिरूद्र महायज्ञ की पूर्णाआहुति उपरांत श्रीलिंग महापुराण कथा का विश्राम मन्दिर पर ध्वजारोहण के साथ ही वेदपीठ की परंमपरा अनुसार भारतीय संस्कृति को पुनर्जीवित करने की भावना से मातृ पितृ का आयोजन सभी भक्तो के लिए विशेष आकर्षण का केन्द्र होगा वहीं दोपहर ठीक 12ः32 बजे शंख नाथ के साथ ठाकुर जी के दिव्य दर्शन के लिए मेवाड़, मालवा, हाडौती, मारवाड़, वागड़, गुजरात सहित देश के विभिन्न क्षेत्रो से हजारो कल्याण भक्त अपने आराध्य के अनुपम दर्शन के लिए उमडेंगे वेदपीठ पदाधिरियों ने बताया की महाकुंभ के सभी कार्यक्रमों को भव्यता प्रदान करने के लिए वेदपीठ की ओर से की गई तेयारियो के साथ ही कल्याण नगरी वासीयो के अनुकरणीय योगदान इस आयोजन के माध्यम से नया इतिहास रचा जा सकेगा। उन्होने बताया की प्रथम दिन सुन्दरकाण्ड पाठ के साथ ही 06 दिन भजन संध्याए एंव एक दिन राष्ट्रीय कवि सम्मेलन आयोजित किया जाएगा।