जैसलमेर । राजस्थान सरकार के ग्रामीण सेवा शिविर-2026 के तहत पंचायत समिति जैसलमेर के ग्राम पंचायत भू एवं पोलजी की डेयरी में आयोजित शिविर आमजन की समस्याओं के समाधान का प्रभावी मंच साबित हो रहा है। शिविर के दौरान ग्राम भू एवं पोलजी की डेयरी का वर्षों से लंबित भूमि विभाजन प्रकरण सभी सह-खातेदारों की आपसी सहमति एवं इकरारनामे के आधार पर निष्पादित किया गया।
ग्राम भू एवं पोलजी की डेयरी में भूमि का संयुक्त खाता होने के कारण सह-खातेदारों को लंबे समय से अनेक व्यावहारिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा था। भूमि के उपयोग, राजस्व अभिलेखों में स्पष्ट प्रविष्टियों तथा विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ लेने में भी परेशानी आ रही थी। समय-समय पर इस कारण विवाद की स्थिति भी उत्पन्न हो जाती थी। ग्रामीण सेवा शिविर में भू निवासी प्रार्थी अदरीम खान एवं पोलजी की डेयरी की निवासी सुनीता व्यास ने बटवारा के लिए तहसीलदार जैसलमेर राजेन्द्र करण के समक्ष इन्होने आपसी समझ, सहयोग और सहमति के साथ भूमि विभाजन का प्रस्ताव प्रस्तुत किया।
शिविर प्रभारी राजेन्द्र करण, भू अभिलेख निरीक्षक रूद्रदत पालीवाल एवं पटवारी आशा शर्मा राजस्व विभाग की टीम ने प्रकरण का परीक्षण कर आवश्यक राजस्व प्रक्रिया पूरी की। इसके पश्चात सभी पक्षों की सहमति एवं इकरारनामे के आधार पर भूमि विभाजन की कार्रवाई सफलतापूर्वक संपन्न कर दी गई। इस महत्वपूर्ण पहल से वर्षों पुराना विवाद शांतिपूर्ण ढंग से महज एक ही दिन में समाप्त हुआ। साथ ही सह-खातेदारों के बीच आपसी विश्वास और सहयोग को नई मजबूती मिली। अब राजस्व अभिलेखों में स्पष्ट एवं पृथक प्रविष्टियां दर्ज होने से भविष्य में विवादों की संभावनाएं भी काफी हद तक समाप्त हो जाएंगी। ग्रामीणों ने राजस्थान सरकार, जिला प्रशासन एवं राजस्व विभाग का तहे दिल से आभार व्यक्त करते हुए कहा कि ग्रामीण सेवा शिविर के माध्यम से उनकी समस्या का त्वरित, पारदर्शी एवं स्थायी समाधान संभव हो सका।