उदयपुर। चांदपोल क्षेत्र में संचालित होटल एवं रेस्टोरेंटों द्वारा की जा रही अवैधानिक गतिविधियों से परेशान होकर आज समस्त क्षेत्रवासियों ने पुलिस थाना अंबामाता में थानाधिकारी महोदय को ज्ञापन सौंपकर समस्याओं के त्वरित समाधान की मांग की।
क्षेत्रवासियों ने बताया कि कई होटल व रेस्टोरेंटों में सायंकाल से देर रात्रि तक तेज आवाज में म्यूजिक बजाया जाता है, जिससे बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है तथा बुजुर्गों और आम नागरिकों को रात्रि में विश्राम करने में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया कि अनेक होटल व रेस्टोरेंटों में बिना वैधानिक अनुमति के शराब एवं अन्य नशीले पदार्थों का खुलेआम सेवन कराया जा रहा है, जिससे असामाजिक तत्वों का जमावड़ा लगा रहता है और रात्रि के समय झगड़े-फसाद की स्थिति उत्पन्न हो रही है, जो कभी भी गंभीर घटना में बदल सकती है।
स्थानीय निवासियों ने आरोप लगाया कि होटल-रेस्टोरेंट में आने वाले लोग अपने वाहन क्षेत्रवासियों के निजी मकानों के बाहर अवैध रूप से खड़े कर देते हैं, जिससे विशेषकर महिलाओं और बुजुर्गों को आवागमन में कठिनाई होती है। इसके अतिरिक्त पूर्व में संचालित महाराणा संस्कृत महाविद्यालय परिसर के आसपास देर रात तक युवाओं द्वारा नशीले पदार्थों का सेवन किए जाने से क्षेत्र की शांति भंग हो रही है।
क्षेत्रवासियों ने यह भी मांग की कि होटल एवं रेस्टोरेंट के मूल मालिकों को इस बात के लिए पाबंद किया जाए कि वे अपनी संपत्ति किराए अथवा लीज पर देते समय यह सुनिश्चित करें कि किसी प्रकार की अवैध गतिविधि न हो।
वीकेंड और अवकाश के दिनों में अत्यधिक भीड़ व वाहनों के कारण क्षेत्र में लगातार ट्रैफिक जाम की स्थिति बनी रहती है, जिससे बीमार लोगों, विद्यार्थियों एवं कार्यालय जाने वाले नागरिकों को भारी परेशानी उठानी पड़ती है तथा कई बार गंभीर रोगियों को समय पर चिकित्सा सुविधा भी नहीं मिल पाती।
क्षेत्रवासियों ने पुलिस प्रशासन से नियमित गश्त, ध्वनि प्रदूषण पर नियंत्रण, अवैध नशे पर रोक तथा सुव्यवस्थित यातायात व्यवस्था लागू करने की मांग की है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि शीघ्र कार्रवाई नहीं की गई तो क्षेत्रवासी आंदोलन के लिए विवश होंगे।