उदयपुर | विज्ञान समिति एवं विद्यालय उद्यम एसोसिएशन के संयुक्त सहयोग से देशभर में STEM (विज्ञान, प्रौद्योगिकी, इंजीनियरिंग एवं गणित) शिक्षा को बढ़ावा देने के उद्देश्य से आयोजित 8 दिवसीय आवासीय प्रशिक्षण कार्यक्रम सफलतापूर्वक सम्पन्न हो गया। इस कार्यक्रम का मुख्य लक्ष्य राष्ट्रीय स्तर पर STEM शिक्षा को मजबूत आधार प्रदान करना एवं गति प्रदान करना था।
कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि डॉ. दीपक वोहरा (पूर्व राजनयिक) द्वारा एवं अध्यक्षता डॉ. प्रताप सिंह धाकड़, कुलगुरु, एमपीयूएटी द्वारा किया गया। अपने उद्बोधन में उन्होंने कहा कि वर्तमान परिप्रेक्ष्य में ऐसे कार्यक्रम अत्यंत सार्थक एवं आवश्यक हैं। विकसित भारत के निर्माण में इनकी भूमिका महत्वपूर्ण है तथा इन्हें निरंतर आयोजित किया जाना चाहिए।
मीडिया प्रभारी प्रोफेसर विमल शर्मा ने बताया की महाराष्ट्र (पुणे एवं मुंबई), जम्मू-कश्मीर, पश्चिम बंगाल, हरियाणा, उत्तर प्रदेश सहित विभिन्न राज्यों से कुल 20 प्रतिभागियों ने इसमे भाग लिया। उन्हें सर्किटरी, इलेक्ट्रॉनिक्स, मैकेनिकल डिज़ाइन, फिजिकल कंप्यूटिंग, इंटरनेट ऑफ थिंग्स (IoT), रोबोटिक्स एवं कोडिंग जैसे उन्नत विषयों पर व्यावहारिक एवं अनुप्रयोग-आधारित प्रशिक्षण प्रदान किया गया, ताकि वे अपने-अपने राज्यों में इसे प्रभावी ढंग से प्रसारित कर सकें। ये सभी प्रतिभागी ‘एनोबल सोशल इनोवेशन फाउंडेशन’ से संबद्ध हैं, जिसका नेतृत्व चिराग भंडारी कर रहे हैं।
समापन अवसर पर आयोजित प्रमाण-पत्र वितरण समारोह में विज्ञान समिति के वरिष्ठ गणमान्य अतिथि डॉ. के. एल. कोठारी, डॉ. के. पी. तलेसरा, डॉ. महीप भटनागर, डॉ. ए. के. सचेती, आर. के. चतुर एवं डॉ. के. एल. तोतावत तथा विद्यालय उद्यम एसोसिएशन के डॉ. अश्विनी तिवारी, कैलाश चंद्र रावल आदि ने प्रतिभागियों को प्रमाण-पत्र प्रदान कर मार्गदर्शन दिया। इस अवसर पर चिराग भंडारी एवं कैलाश चंद्र रावल भी उपस्थित रहे।
इस सफल आयोजन से देशभर में STEM शिक्षा के क्षेत्र में नवाचार, कौशल विकास एवं उद्यमशीलता को प्रोत्साहन मिलेगा, जो एक महत्वपूर्ण कदम सिद्ध होगा।