उदयपुर | मुस्कान क्लब मास अंत सम्मान समारोह कार्यक्रम की शुरुआत हेमा जोशी द्वारा ईश वंदना से की गई।
आज के कार्यक्रम की अध्यक्षता के लिए बी. एल. वर्मा को आमंत्रित किया गया।
मीडिया प्रभारी प्रोफ़ेसर विमल शर्मा ने बताया कि संस्कृतिक प्रस्तुतियों की शुरुआत रजनी जोशी (छोड़ दे सारी दुनियाँ) से हुई। उसके बाद प्रस्तुतियाँ क्रमशः इस प्रकार रहीं:
ऊषा इन्टोदिया (कविता)
अशोक कुमार जोशी (इस भरी दुनिया में)
नयन बढ़वा (फूलों के रंग से)
हेमा जोशी (मेरे दिल ने)
बिहारीलाल कनेरिया (कसमें वादे)
लक्ष्मी आसवानी (भजन)
पराग सिंह भाटी (आँसू भरी है)
नलिनी बंधु (भजन)
दिलीप सुराना (अकेले हैं)
कमल सौंढी (कविता)
एस. डी. कौशल (चले हैं साथ मिलकर)
नारायण लोहार (एक हँसी शाम को)
हरप्रीत मक्कड़ (गुरु अर्जुन देव जी के बारे में)
राजकुमार बाफना (दिन महीने)
दिलीप पोरवाल (ग़ज़ल)
अमर माथुर (फूल तुम्हें भेजा है)
नीलम कौशल (यूं लगने लगी)
सुधा व्यास (अकेले हैं, चले आओ)
कल्पना तिवारी (नदियाँ धीरे-धीरे बहना)
दिलीप भट्ट (ओ मेरे सनम)
श्री सैनी (कविता)
किरण दशोरा (कविता)
जयकिशन आसवानी (तेरी आँखों के सिवा)
मंजू सनाढ्य (ऐ दिल मुझे बता दे)
अजीत सिंह खींची (जानता हूँ — ग़ज़ल)
इसके बाद जून माह में जन्मे 30 सदस्यों का अभिनंदन कर उनके सुदीर्घ जीवन की मंगलकामना की गई। मंच संचालन सूरजमल पोरवाल द्वारा किया गया। के. के. त्रिपाठी ने बताया कि मुस्कान क्लब के इतिहास में पहली बार रिकॉर्ड संख्या में जन्म दिवस मनाया है।
अंत में एम. पी. माथुर द्वारा धन्यवाद ज्ञापित किया गया। अल्पाहार और राष्ट्रगान के पश्चात कार्यक्रम को विराम दिया गया।