उदयपुर। विद्या निकेतन माध्यमिक विद्यालय, सेक्टर-14 उदयपुर एवं भारत विकास परिषद “मेवाड़” के संयुक्त तत्वावधान में बुधवार को “गुरु गौरवम्” उत्सव श्रद्धा, सम्मान और संस्कारों के वातावरण में आयोजित किया गया। कार्यक्रम में गुरु-शिष्य परंपरा की गरिमा को रेखांकित करते हुए मेधावी विद्यार्थियों एवं उत्कृष्ट शिक्षकों का सम्मान किया गया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि एवं भारत विकास परिषद “मेवाड़” के क्षेत्रीय संयोजक संजीव भारद्वाज ने कहा कि “अज्ञान के अंधकार से ज्ञान के प्रकाश की ओर ले जाने वाला ही सच्चा गुरु होता है।” उन्होंने कहा कि गुरु केवल शिक्षा ही नहीं देता, बल्कि जीवन में संस्कार, अनुशासन और श्रेष्ठ व्यक्तित्व का निर्माण भी करता है।
कार्यक्रम में भारत विकास परिषद “मेवाड़” शाखा की ओर से क्षेत्रीय संयोजक संजीव भारद्वाज, वरिष्ठ सदस्य हरिशंकर तिवारी, अध्यक्ष नरेंद्र सिंह सिसोदिया, सचिव एडवोकेट संजय मेहता, कोषाध्यक्ष महेंद्र पालीवाल, संस्कार संयोजक डॉ. योगेश ज्यानी एवं सेवा संयोजक श्रीरत्न मोहता सहित अन्य पदाधिकारी उपस्थित रहे।
इस अवसर पर परिषद की ओर से विद्यालय के पांच प्रतिभाशाली विद्यार्थियोंकृहिमांशी देवड़ा, दिशा जोशी, इन्नुमा खातून, रक्षित जोशी एवं कुलदीप सुथारकृका सम्मान कर उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की गई।
इसके बाद शिक्षा एवं संस्कारों के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले पांच गुरुजनोंकृमीना राठौर, हर्षा चौबीसा, मीनाक्षी शर्मा, प्रीति सेन तथा संस्था प्रधान प्रभु जोशीकृका सम्मान किया गया। अतिथियों का स्वागत अविनाश, भगवतीलाल, राजेंद्र, मीना, प्रीति एवं हीना पंड्या ने किया।
विद्यालय के छात्र-छात्राओं ने सांस्कृतिक प्रस्तुतियों एवं प्रेरक प्रसंगों के माध्यम से गुरु की महिमा का भावपूर्ण वर्णन किया। कार्यक्रम के दौरान भारत विकास परिषद “मेवाड़” की ओर से सभी उपस्थित विद्यार्थियों एवं नागरिकों को नशा मुक्ति की शपथ दिलाई गई, जिससे समाज में स्वस्थ एवं संस्कारित जीवन का संदेश दिया जा सके।
इस अवसर पर संजीव भारद्वाज ने विद्यालय के हॉल के लिए मेटिंग (बिछात) उपलब्ध कराने की घोषणा की, जिसका विद्यालय परिवार ने स्वागत किया।