शैक्षणिक संस्थानों में सामूहिक गान, प्रतियोगिताएं एवं नेताजी सुभाष चंद्र बोस जयंती पर प्रेरक आयोजन
जैसलमेर। राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम्’ के 150 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर द्वितीय चरण के अंतर्गत जिलेभर में देशभक्ति, स्वदेशी भावना एवं राष्ट्रीय एकता को सुदृढ़ करने के लिए विविध कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। इस अवसर पर नेताजी सुभाष चंद्र बोस जयंती के उपलक्ष्य में शैक्षणिक एवं सरकारी संस्थानों में ‘वंदे मातरम्’ का सामूहिक गान किया गया, जिससे राष्ट्रप्रेम की भावना को प्रोत्साहन मिला। कार्यक्रम के दौरान गुरुजनों एवं विद्यार्थियों ने सामूहिक रूप से राष्ट्रगीत प्रस्तुत कर देशभक्ति एवं राष्ट्रीय एकता का सशक्त संदेश दिया।
मुख्य जिला शिक्षाधिकारी ने बताया कि जिले की सभी शिक्षण संस्थानों में विद्यार्थियों द्वारा सामूहिक वंदे मातरम् गान किया गया। साथ ही मेगा पीटीएम, नेताजी सुभाष चंद्र बोस की जीवनी पर संवाद, निबंध एवं प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिताएं एवं स्वतंत्रता सेनानियों के विषय पर चित्रकला प्रतियोगिता आयोजित की गई।
विद्यालयों में वंदे मातरम् एवं भारत के वीर शहीदों की जीवन गाथा पर आधारित लघु फिल्मों का प्रदर्शन किया गया, जिसे विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक देखा और प्रेरणा प्राप्त की।
इसी क्रम में श्री मिश्रीलाल सांवल राजकीय कन्या महाविद्यालय में छात्राओं द्वारा सामूहिक वंदे मातरम् गान किया गया एवं भाषण प्रतियोगिता आयोजित हुई, जिसमें रिसिका पांडे ने प्रथम एवं ज्येष्ठा आचार्य ने द्वितीय स्थान प्राप्त किया। इस अवसर पर एनएसएस जिला समन्वयक कैलाशदान रतनू ने राष्ट्रवाद के महत्व पर प्रेरणादायी संबोधन दिया। वहीं, राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय में भी राष्ट्रगीत का सामूहिक गायन कर देशभक्ति एवं राष्ट्रीय चेतना को सुदृढ़ करने का संदेश दिया गया।
इन कार्यक्रमों के माध्यम से जिलेभर में राष्ट्रप्रेम, स्वदेशी भावना एवं राष्ट्रीय गौरव को नई ऊर्जा मिली।