जम्मू। जम्मू-कश्मीर की विश्व प्रसिद्ध चेरी को देशभर के उपभोक्ताओं तक त्वरित और सुरक्षित पहुंचाने के लिए उत्तर रेलवे, जम्मू मंडल द्वारा किए जा रहे प्रयास रंग ला रहे हैं। इस वर्ष के सीजन में अब तक जम्मू व श्री माता वैष्णोदेवी कटरा से एसएलआर/वीपी आधारित रेल परिवहन के माध्यम से 111 टन से अधिक चेरी को देश के विभिन्न हिस्सों में सफलतापूर्वक भेजा जा चुका है।
जम्मू मंडल के जनसम्पर्क निरीक्षक श्री राघवेन्द्र सिंह ने बताया कि किसानों और बागवानों को उनकी उपज का बेहतर मूल्य दिलाने तथा परिवहन लागत कम करने के उद्देश्य से जम्मू मंडल द्वारा विशेष रेल रेक उपलब्ध कराए जा रहे हैं। चेरी जैसे शीघ्र खराब होने वाले उत्पाद के लिए एसएलआर और वीपी कोचों का उपयोग किया जा रहा है, जिससे कम समय में सुरक्षित डिलीवरी सुनिश्चित हो रही है। जम्मू व कटरा रेलवे स्टेशनों पर बुकिंग, लोडिंग और कोल्ड चेन से जुड़ी सभी सुविधाएं रेलवे द्वारा उपलब्ध कराई जा रही हैं, ताकि किसानों को कोई असुविधा न हो।
इस पहल के संबंध में वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक जम्मू श्री उचित सिंघल ने कहा कि जम्मू-कश्मीर की चेरी को राष्ट्रीय बाजार से जोड़ना जम्मू मंडल की प्राथमिकता है। 111 टन से अधिक चेरी का रेल द्वारा परिवहन इस बात का प्रमाण है कि किसान रेलवे पर भरोसा कर रहे हैं। एसएलआर/वीपी आधारित परिवहन से न केवल समय की बचत हो रही है, बल्कि किसानों की आय भी बढ़ रही है। जम्मू मंडल भविष्य में भी बागवानी उत्पादों के लिए विशेष सुविधाएं और त्वरित बुकिंग व्यवस्था जारी रखेगा, ताकि ‘‘किसान से सीधे बाजार’’ का संकल्प साकार हो सके।
जम्मू मंडल किसानों से अपील करता है कि वे चेरी एवं अन्य शीघ्र खराब होने वाले कृषि उत्पादों के परिवहन के लिए रेलवे की इस सुविधा का अधिक से अधिक लाभ उठाएं।