श्रीगंगानगर। शहर में 13 वर्षीय नाबालिग बच्ची के साथ हुई जघन्य वारदात को लेकर श्रीगंगानगर होटल एसोसिएशन (रजि.) ने कड़ा विरोध दर्ज कराया है। मंगलवार को एसोसिएशन का एक शिष्टमंडल जिला पुलिस अधीक्षक हरीशंकर शर्मा से मिला और घटना की घोर निंदा करते हुए दोषियों के विरुद्ध निष्पक्ष, त्वरित एवं कठोर कानूनी कार्रवाई की मांग की।
एसोसिएशन ने पुलिस अधीक्षक को दिए लिखित ज्ञापन में स्पष्ट किया कि अनैतिक गतिविधियों में लिप्त किसी भी होटल या व्यक्ति का वह किसी भी स्तर पर समर्थन नहीं करता। ज्ञापन में कहा गया कि जिन होटलों का नाम इस मामले में सामने आया है और जो श्रीगंगानगर होटल एसोसिएशन के पंजीकृत सदस्य नहीं हैं, उनका संगठन से किसी भी प्रकार का संबंध नहीं है। ऐसे गैर-सदस्य होटलों के गलत कार्यों के कारण पूरे शहर के होटल उद्योग की छवि धूमिल नहीं की जानी चाहिए। पुलिस अधीक्षक ने शहर की होटल एसोसिएशन में पंजीकृत सभी होटलों की लिस्ट मांगी है।
एसोसिएशन ने कहा कि शहर के अधिकांश होटल व्यवसायी कानून के दायरे में रहकर कार्य करते हैं तथा समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारी को भली-भांति समझते हैं। इसलिए दोषी पाए जाने वाले होटल संचालकों और संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ कानून के अनुसार सख्त से सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए, ताकि भविष्य में इस प्रकार की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो और समाज में कानून के प्रति विश्वास बना रहे। पुलिस अधीक्षक हरीशंकर शर्मा ने होटल व्यवसायियों की बातों को गंभीरता एवं संवेदनशीलता के साथ सुना। उन्होंने होटल उद्योग से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर भी चर्चा की तथा भरोसा दिलाया कि कानून-व्यवस्था बनाए रखना पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है और अपराधियों के खिलाफ निष्पक्ष एवं प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
एसोसिएशन के प्रतिनिधियों ने पुलिस प्रशासन के साथ भविष्य में भी सामाजिक सौहार्द बनाए रखने और अपराध नियंत्रण में हरसंभव सहयोग देने का आश्वासन दिया। शिष्टमंडल में एसोसिएशन के विधिक सलाहकार एडवोकेट राजीव कौशिक, उपाध्यक्ष मंगत गेरा, कोषाध्यक्ष लक्की खुराना, संरक्षक मंडल के सदस्य योगेश मक्कड़, सुदेश पाहूजा, प्रदीप सहारण, पप्पू बंसल, अमित आजाद सहित अन्य सदस्य उपस्थित रहे।