सर पदमपत सिंघानिया विश्वविद्यालय, उदयपुर ने 12–18 मार्च 2026 तक सात दिवसीय एनएसएस विशेष शिविर का सफलतापूर्वक आयोजन किया, जिसमें छात्रों एवं संकाय सदस्यों के बीच सामुदायिक सहभागिता, अनुभवात्मक शिक्षण और सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना को प्रोत्साहित किया गया। यह शिविर नेतृत्व, अनुशासन और समाज सेवा की भावना को विकसित करने के लिए एक सशक्त मंच साबित हुआ।
उद्घाटन समारोह में माननीय अध्यक्ष डॉ. संजय सिन्हा ने अपने संबोधन में अनुशासन, नेतृत्व और नागरिक उत्तरदायित्व के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने एनएसएस स्वयंसेवकों को समुदाय के साथ सक्रिय रूप से जुड़ने, नैतिक मूल्यों को अपनाने तथा “स्वयं से पहले आप” की भावना के अनुरूप निस्वार्थ सेवा के माध्यम से राष्ट्र निर्माण में योगदान देने के लिए प्रेरित किया। प्रो-प्रेसिडेंट प्रो. प्रसून चक्रवर्ती ने शिक्षा की भूमिका को रेखांकित करते हुए छात्रों को सामाजिक रूप से जिम्मेदार नागरिक बनने तथा वास्तविक जीवन की
चुनौतियों का नवाचारी समाधान खोजने के लिए प्रेरित किया। इसके पश्चात रजिस्ट्रार प्रो. (डॉ.) उदयप्रकाश आर. सिंह ने अपने मुख्य वक्तव्य में सतत विकास और सामुदायिक सहभागिता में युवाओं की महत्वपूर्ण भूमिका पर प्रकाश डाला।
इस सप्ताह के दौरान लैंगिक समानता एवं महिला सशक्तिकरण पर सत्र आयोजित किए गए। साथ ही बाठेड़ा खुर्द गाँव में स्वच्छता अभियान एवं पर्यावरण रैली सहित ग्राम भ्रमण किया गया। साइबर सुरक्षा, उपभोक्ता अधिकार और डिजिटल जिम्मेदारी पर भी कार्यक्रम आयोजित किए गए। प्रमुख अवसरों में विश्व उपभोक्ता अधिकार दिवस एवं राष्ट्रीय टीकाकरण दिवस मनाया गया, साथ ही नशा मुक्त भारत अभियान के अंतर्गत जागरूकता गतिविधियाँ संचालित की गईं। वृक्षारोपण, नशा विरोधी रैली तथा पर्यावरण जागरूकता अभियानों के माध्यम से सतत विकास और सामुदायिक सहभागिता को बढ़ावा दिया गया। एनएसएस समन्वयकों डॉ. मनीष दधीच, डॉ. हरीश तिवारी एवं डॉ. संजय यादव ने माननीय अध्यक्ष, प्रो- प्रेसिडेंट, रजिस्ट्रार, कैंपस निदेशक, डीन छात्र कल्याण, सीएफएओ, संकाय सदस्यों एवं एनएसएस स्वयंसेवकों के निरंतर सहयोग और सक्रिय सहभागिता के लिए हार्दिक आभार व्यक्त किया।