नई दिल्ली: मानसून अब केवल बारिश का मौसम नहीं रह गया है, बल्कि यह यात्रा करने का एक नया कारण बनता जा रहा है।
इस वर्ष की शुरुआत में एयरबीएनबी की 'नेवर द सेम' रिपोर्ट में सामने आया था कि भारत के 10 में से 7 जेन-ज़ी यात्री साल में एक लंबी छुट्टी के बजाय तीन छोटी यात्राएं करना पसंद करते हैं।
यानी नई पीढ़ी अब पहले से तय लंबी छुट्टियों की जगह अधिक बार, व्यक्तिगत और यादगार अनुभवों वाली छोटी यात्राओं को तरजीह दे रही है। यही बदलाव इस मानसून में एयरबीएनबी के सर्च डेटा में भी साफ दिखाई दे रहा है।
एयरबीएनबी के हालिया सर्च डेटा¹ के अनुसार, मानसून के दौरान घरेलू यात्राओं की खोज में साल-दर-साल लगभग 40 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है। यह संकेत देता है कि जो मौसम पहले लोगों को घरों में रोक देता था, वही अब उन्हें बाहर घूमने के लिए प्रेरित कर रहा है।
यह बदलाव केवल गंतव्यों तक सीमित नहीं है, बल्कि यात्रा की योजना बनाने के तरीके में भी दिखाई दे रहा है। एयरबीएनबी के सर्च ट्रेंड्स बताते हैं कि वीकेंड गेटअवे और तीन से पांच दिन की छोटी यात्राओं में लोगों की दिलचस्पी बढ़ रही है। इससे स्पष्ट है कि यात्री अब अपने व्यस्त कार्यक्रम के अनुरूप और कम अवधि वाली यात्राएं चुन रहे हैं।
साथ ही, यात्री अब महानगरों से आगे बढ़कर ऐसे स्थानों की तलाश कर रहे हैं जहां प्राकृतिक सौंदर्य, स्थानीय संस्कृति और सुकून भरा माहौल हो। गैर-मेट्रो गंतव्यों के लिए सर्च में 40 प्रतिशत से अधिक की वृद्धि दर्ज की गई है, जो यह दर्शाती है कि लोग ऐसे स्थानों पर मानसून का आनंद लेना चाहते हैं जहां बारिश पूरे परिदृश्य को जीवंत बना देती है।
इस मानसून जिन गंतव्यों में सबसे अधिक रुचि देखी जा रही है, उनमें कूर्ग अपने धुंध से ढके कॉफी बागानों के लिए, कोच्चि अपने समुद्री तटीय इलाकों और समृद्ध सांस्कृतिक विरासत के लिए, उदयपुर अपनी झीलों और महलों की बारिश के दौरान बढ़ती खूबसूरती के लिए, वर्कला अरब सागर से मिलती ऊंची चट्टानों के लिए, जयपुर अपने रंग-बिरंगे बाजारों, महलों और सांस्कृतिक अनुभवों के लिए तथा गोवा अपनी शांत समुद्री तटरेखा, हरियाली और आरामदायक माहौल के लिए यात्रियों को आकर्षित कर रहे हैं।
मानसून की यात्राएं अब सामाजिक अनुभव भी बनती जा रही हैं। एयरबीएनबी के सर्च डेटा¹ से पता चलता है कि लोग अपने जीवनसाथी, दोस्तों और परिवार के साथ यात्रा करने में अधिक रुचि दिखा रहे हैं।
सबसे अधिक वृद्धि दो लोगों के साथ की जाने वाली यात्राओं में दर्ज की गई है, जिसके बाद बड़े समूहों की यात्राओं का स्थान है।
चाहे पहाड़ों में एक आरामदायक वीकेंड हो, दोस्तों के साथ किसी विला में छुट्टियां हों या परिवार के साथ समुद्र तट पर समय बिताना—लोग अब मानसून का आनंद अपने प्रियजनों के साथ साझा करना चाहते हैं।
अमनप्रीत बजाज, कंट्री हेड – इंडिया एंड साउथईस्ट एशिया ने कहा , " इस मानसून हम यात्रियों के यात्रा करने के तरीके में बदलाव देख रहे हैं।
लोग अब कम अवधि की अचानक तय होने वाली छुट्टियों पर निकल रहे हैं, पारंपरिक पर्यटन स्थलों से आगे बढ़कर नए गंतव्यों की तलाश कर रहे हैं और ऐसी जगहों को चुन रहे हैं, जहां बारिश स्वयं यात्रा के अनुभव का अहम हिस्सा बन जाती है।
एयरबीएनबी के जरिए यात्रियों को स्थानीय लोगों के घरों में ठहरने का अवसर मिलता है। साथ ही, मेजबानों से उन्हें आसपास की जगहों, स्थानीय संस्कृति और खानपान से जुड़े सुझाव भी मिलते हैं, जिससे उनकी यात्रा का अनुभव अधिक यादगार और वास्तविक बन जाता है।"