उदयपुर । उदयपुर चेम्बर ऑफ कॉमर्स एण्ड इण्डस्ट्री की ’माईनिंग, मिनरल प्रोसेसिंग एवं डाइमेन्शनल स्टोन सब कमेटी की वर्ष 2026-27 की प्रथम बैठक सब कमेटी के चेयरमैन श्री गुरप्रीत सिंह सोनी की अध्यक्षता में यूसीसीआई भवन में आयोजित की गई।
चेयरमैन श्री गुरप्रीत सिंह सोनी ने बताया कि यह सब कमेटी माईनिंग, मिनरल प्रोसेसिंग एवं डाइमेंशनल स्टोन इण्डस्ट्री के डेवलपमेन्ट, इण्डस्ट्री से जुड़ी समस्याओं के समाधान तथा राज्य एवं केन्द्र सरकार के समक्ष प्रभावी प्रतिनिधित्व के लिए कार्य करेगी।
बैठक में अरावली पहाड़ियों एवं पर्वतमाला से संबंधित वर्तमान स्थिति, क्वार्ट्ज एवं फेल्सपार को मेजर मिनरल के रूप में वर्गीकृत करने तथा इनके माईनिंग एडमिनिस्ट्रेशन को पुनः खान एवं भू-विज्ञान विभाग, राजस्थान को सौंपने के विषय पर विस्तार से चर्चा की गई।
इसके अतिरिक्त राजस्थान माईपर मिनरल कन्सेशन रूल, 2017 के नियम 84ए(2) के अंतर्गत जारी एस.ओ.पी., ई-रवन्ना वर्जन 2.1 की स्थापना तथा डब्ल्यू.बी. ऑटोमेशन एस.ओ.पी. के अनुसार आवश्यक हार्डवेयर की व्यवस्था पर भी विचार-विमर्श किया गया।
बैठक में एफ.आई.एम.आई. - एस.एम.आई. अध्ययन के अंतर्गत भारत की खनिज संपदा के आकलन तथा प्रतिपूरक वनीकरण के लिए भूमि की आवश्यकता से संबंधित महत्वपूर्ण विषय पर भी चर्चा की गई।
बैठक में प्रमुख विषयों पर कार्ययोजना तैयार की गई तथा निर्णय लिया गया कि खनन एवं खनिज आधारित उद्योगों के हित में संबंधित राज्य एवं केंद्र सरकार के विभागों को आवश्यक प्रतिवेदन प्रस्तुत किए जाएंगे।
बैठक का संचालन सब कमेटी के को-चेयरमैन डॉ. हितांशु कौशल द्वारा किया गया।
बैठक में उपाध्यक्ष श्री कपिल सुराणा, पूर्व संरक्षक श्री अरविंद सिंघल, श्री केजार अली, श्री अरविन्द अग्रवाल, डॉ. अनुपम भटनागर, श्री बी.एस. यादव, श्री गौरांग सिंघल, श्री एम.एस. पालीवाल, श्री हितेश पटेल, श्री बी.एस. यादव, श्री श्यामलाल सुखवाल, श्री सौरभ महेश मंत्री, श्री राम उपाध्याय सहित खनन उद्योग से जुड़े अन्य प्रमुख सदस्यों ने उपस्थित होकर सक्रिय रूप से विचार-विमर्श में भाग लिया।