​उदयपुर। टाइगर हिल स्थित प्रताप गौरव केंद्र के समीप 'सुवास आयुर्वेद' का भव्य शुभारंभ हुआ। सुवास की फाउंडर सुहाना ने बताया कि केंद्र का मुख्य उद्देश्य लोगों को गलत जीवनशैली के दौर में पुनः आयुर्वेद से जोड़कर सहज स्वास्थ्य लाभ पहुंचाना है।

फाउंडर सुहाना ने बताया कि ​समारोह में अतिथि के रूप में जितेंद्र कुमार उपाध्याय पूर्व सचिव राजस्थान आयुष, नवनिर्वाचित पार्षद शकुंतला टांक, कौसर बानो, आरिफ मोहम्मद, डॉ. रूही जहीर, ट्रिपल एम आयुर्वेद कॉलेज के डॉ. इकबाल गौरी, टैगोर पब्लिक स्कूल के डायरेक्टर भंवर कुँवर राजावत व चंद्रेश शर्मा उपस्थित रहे। कार्यक्रम में आयुर्वेद कॉलेज के छात्र-छात्राओं की भी सहभागिता रही।

​वक्ताओं ने कहा कि आयुर्वेद में वात, पित्त और कफ की प्रकृति व नाड़ी देखकर इलाज किया जाता है। बाबा रामदेव और आचार्य बालकृष्ण ने भी प्राचीन ग्रंथों के अध्ययन से ही देश को आयुर्वेद से जोड़ा है। आज पूरा विश्व इसे अपना रहा है, जबकि हम एलोपैथी की ओर भाग रहे हैं।

असाध्य रोगों का भी होगा इलाज ​डॉ. पुनीत शर्मा ने बताया कि केंद्र में पंचकर्म, अग्निकर्म, स्पेशल ओपीडी, आयुर्वेद फेशियल के साथ न्यूरो, यूरोलॉजिकल व कैंसर (ऑन्कोलॉजिकल) जैसी गंभीर बीमारियों का विशेष निदान उपलब्ध होगा, जिसकी सुविधाएं राज्य में सीमित हैं।

यहां कैंसर व माइग्रेन में औषधीय जूस से राहत दी जाएगी। संस्थान द्वारा योग, मेडिटेशन, स्वास्थ्य जागरूकता कॉन्फ्रेंस के जरिए बच्चों और युवाओं से लेकर बुजुर्गों तक को आयुर्वेद से जोड़ा जाएगा।