उदयपुर। आरएससीईआरटी द्वारा डाइट के लिए जारी पंचांग 2026-27 में योजना एवं प्रबन्ध प्रभाग की अनुमोदित गतिविधि की अनुपालना में जिला एवं ब्लॉक स्तरीय अधिकारियों का एक दिवसीय आमुखीकरण प्रशिक्षण डाइट में शुक्रवार को आयोजित किया गया।
प्रिंसिपल डीईओ शीला काहाल्या ने बताया कि इस आमुखीकरण प्रशिक्षण में उदयपुर एवं सलूंबर जिले के सभी 20 ब्लॉक के 40 शिक्षा अधिकारियों ने भाग लिया। प्रशिक्षण के उदघाटन सत्र में  परिचयात्मक जानकारी के साथ ही प्रभागाध्यक्ष डॉ. मृदुला तिवारी ने डाइट के वार्षिक पंचांग एवं प्रभागों के कार्यों पर बिन्दुवार विस्तृत जानकारी सांझा की।
इस अवसर पर स्वयं सेवी संस्था सीएमएफ टाटा ट्रस्ट के प्रतिनिधि दिलीप शर्मा ने राजकीय विद्यालयों में पुस्तकालयों के बेहतर संचालन, नवीनीकरण तथा सुदृढ़ीकरण पर विस्तार से पाॅवर प्वाइंट प्रजन्टेशन के माध्यम से जानकारी दी। इस दौरान झल्लारा सीबीईओ नगेन्द्र कुमार मेहता ने वर्तमान समय में राजकीय विद्यालयों में पुस्तकालयों के उपयोग की स्थिति पर असंतोष प्रकट करते हुए पुस्तकालयों में बाल साहित्य की पुस्तकों की उपलब्धता सुनिश्चित करने एवं छात्रों द्वारा इसके अधिकाधिक उपयोग पर जोर दिया। दूसरे सत्र में आरएससीईआरटी उदयपुर की एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. आभा शर्मा द्वारा ‘खुशी शाला खुद की खोज’ विषय पर महत्वपूर्ण प्रस्तुतीकरण दिया।
इस अवसर आयोजित खुली चर्चा में डाइट प्रिंसीपल डीईओ शीला काहाल्या के साथ ही गिर्वा सीबीईओ दुर्गेश मेनारिया, कुराबड सीबीईओ मीना शर्मा, ऋषभदेव सीबीईओ सतीश गांधी, झल्लारा सीबीईओ नगेन्द्र कुमार मेहता, कोटड़ा सीबीईओ विजय लक्ष्मी सारस्वत, जयसमन्द सीबीईओ प्रीति शर्मा, सायरा सीबीईओ आशा सोनी सहित विभिन्न ब्लॉक के एसीबीईओ तथा संदर्भ व्यक्तियों ने हिस्सा लिया। इस अवसर पर संस्थान के सीएमडीई प्रभागाध्यक्ष तेजपाल द्वारा भाषा समर कैंप की जानकारी साझा की गई, वही बहुभाषीय शिक्षण हेतु डाइट उदयपुर द्वारा तैयार ‘सेतु’ मॉड्यूल की प्रति प्रत्येक सीबीईओ को प्रदान की गई। प्रशिक्षण के अंत में प्रभाग प्रभारी त्रिभुवन चौबीसा ने सभी का धन्यवाद ज्ञापित किया।